जेल में बंद रिटायर्ड फौजी को जमानत दिलवाने के नाम पर एक एसआई ने उसकी पत्नी से पहले डेढ़ लाख रुपये हड़पे फिर छेड़छाड़ की। विरोध करने पर एसआई ने पीड़िता और उसके तीनों बच्चों को जान से मारने की धमकी दी। फौजी ने कोर्ट में गुहार लगाई। इस पर कोर्ट के आदेश पर महम थाने में एसआई उमेद सिंह के खिलाफ छेड़छाड़ और जान से मारने की धमकी देने का केस दर्ज किया।
खरखड़ा निवासी रिटायर्ड फौजी मार्च 2014 में हत्या और हत्या प्रयास के एक मामले मेें सुनारिया जेल में बंद है। फौजी की पत्नी और तीन बच्चे गांव में ही रहते हैं। फौजी ने शिकायत में बताया कि पत्नी अनपढ़ है। सोनीपत के एसआई उमेद सिंह ने जमानत दिलवाने का बहाना बनाकर मेरी पत्नी, बहन और भांजे को थाने में बुलाया था। जमानत के एवज में करीब डेढ़ लाख रुपये पत्नी से ले लिये।
कुछ दिन बाद जब पत्नी ने जमानत के संबंध में पूछा तो एसआई ने कहा कि जमानत खारिज हो गई। फिर एसआई ने हाईकोर्ट में किसी को अपना परिचित बताकर जमानत दिलवाने के नाम पर एक लाख रुपये और मांगे। आरोपी ने पत्नी को थाने में बुलाया। एसआई ने मेरी पत्नी के साथ छेड़छाड़ की। जब पत्नी ने विरोध किया तो आरोपी ने बच्चों सहित जान से मारने की धमकी दी।
किसी को बताया तो मायके में रहने लायक नहीं छोडू़ंगाशिकायत के अनुसार फौजी की पत्नी ने जब एसआई से उच्च अधिकारियों से शिकायत करने को कहा तो उसे धमकी दी। आरोपी एसआई ने पीड़िता से कहा कि यदि किसी को घटना के बारे में बताया तो ऐसे झूठे केस में फंसा दूंगा। मायके में रहने लायक भी नहीं रहेगी। साथ ही कहा कि तुझे तेरे बच्चों सहित गुम करवा दूंगा।
बातचीत की सीडी पहुंची जेल, फिर हुई लोकायुक्त को शिकायत आरोपी एसआई से बातचीत की सीडी जेल में बंद फौजी के पास पहुंची। इसके बाद इसकी शिकायत लोकायुक्त से की। शिकायत में फौजी ने बताया कि 22 सितंबर 2014 को एसआई ने रात करीब 10 बजे पत्नी के मोबाइल पर काल की। बातचीत की सीडी 20 जुलाई 2015 को जेल में बंद फौजी के पास पहुंची। यहां से उन्होंने लोकायुक्त को सीडी सहित शिकायत की कॉपी भेजी।
भिवानी का कोई मामला नहीं, फिर भी भिवानी कोर्ट में भेजा मामला फौजी ने अपनी शिकायत में दावा किया है कि उसके ऊपर भिवानी क्षेत्र का कोई केस दर्ज नहीं है। इसके बावजूद एसआई ने भिवानी कोर्ट में एक मामला पहुंचा दिया। फौजी ने एसआई पर आरोप लगाया कि उसने मेरी लाइसेंसी रिवाल्वर से अपने पास से चार राउंड फायर करके केस में दो खाली खोल व सिक्के लगा दिये। जब मैं कोर्ट में पेश हुआ तो मेरे पास कोई राउंड नहीं था।
न्यायालय के आदेश पर एसआई उमेद सिंह के खिलाफ केस दर्ज कर लिया गया है। जांच की जा रही है।- रामनिवास, एसएचओ, महम