अब अगली सुनवाई 30 जुलाई तय अमर उजाला ब्यूरो
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नेपाली युवती से सामूहिक दुष्कर्म और हत्या के मामले में एकमात्र नाबालिग आरोपी के मामले में जांच अधिकारी की गवाही नहीं हो सकी। शनिवार को हुई सुनवाई के दौरान कोर्ट पहुंची पुलिस ने तर्क दिया कि आरोपी की फाइल फिलहाल चंडीगढ़ गई हुई है। साथ ही जांच अधिकारी भी जिले से बाहर है। इस कारण जांच अधिकारी की गवाही नहीं हो सकी। अब कोर्ट ने मामले मेें सुनवाई की अगली तारीख 30 जुलाई तय की है।
आरोपी के वकील मोहित वर्मा ने बताया कि सुनवाई के दौरान जांच अधिकारी की गवाही होनी थी। मगर किन्हीं कारणों से नहीं हो सकी। इस कारण कोर्ट ने अगली तारीख दी है। गौरतलब है कि एक फरवरी को चिन्योट कॉलोनी में रहने वाली नेपाल मूल की युवती लापता हो गई थी, बाद में चार फरवरी को बहुअकबरपुर गांव के खेतों में उसका शव मिला था। पोस्टमार्टम में युवती के साथ सामूहिक दुष्कर्म की पुष्टि हुई, जिसमें पता चला कि दुष्कर्म के बाद उसके साथ हैवानियत की सारी हदें पार की गई थीं, जिस कारण उसकी मौत हो गई थी। इसके बाद पुलिस ने मामले में एक नाबालिग सहित 8 आरोपियों को गिरफ्तार किया था। फिर पुलिस ने कोर्ट में आरोपियों का चालान पेश किया। इस मामले में एक आरोपी ने सुसाइड कर ली थी। केस में रोहतक कोर्ट ने 7 बालिग आरोपियों को दोषी मानते हुए फांसी की सजा सुनाई थी। जबकि नाबालिग के मामले में अभी सुनवाई जारी है।