जाट आरक्षण आंदोलन के बाद एक बार फिर सोमवार को जाट एकजुट होंगे। जाट नेताओं ने प्रशासनिक अधिकारियों को ज्ञापन देने के लिए जाट भवन को केंद्र बनाया है। इसके लिए संघर्ष समितियों के साथ-साथ आरक्षण आंदोलन से जुड़े अन्य संगठन जाट भवन पहुंचेंगे। वहीं प्रदर्शन के साथ ज्ञापन देने के लिए एकजुट होने वाले हजारों जाटों की संख्या का आंकलन करते हुए प्रशासन किसी भी तरह की चूक नहीं चाहता है। ऐसे में जिला और पुलिस प्रशासन ने जिले में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए खाका तैयार करते हुए फोर्स को मुस्तैद कर दिया।
जाट आरक्षण को लेकर संघर्ष समितियों ने 14 मार्च को एक दिवसीय प्रदर्शन का आह्वान किया था। इसके लिए रविवार को जगह-जगह संघर्ष समिति और संगठनों के पदाधिकारियों की बैठक हुई। छोटूराम धर्मशाला में हुई जाट आरक्षण संघर्ष संचालन समिति की बैठक में निर्णय हुआ कि जाट भवन में सुबह 10 बजे सभी इकट्ठा होंगे। वहीं पर डीसी को बुलाकर जाट आरक्षण का ज्ञापन सौंपा जाएगा।
डीसी की गैरमौजूदगी में उनके प्रतिनिधि को भी ज्ञापन दे दिया जाएगा। इस पर सभी ने एकजुट होकर सहमति जता दी। बैठक में मेजर मेहर सिंह, महासिंह देशवाल, प्रो. आत्मानंद देशवाल, ओमप्रकाश सहरावत, दिलबाग सिंह, रामफल हुड्डा, राजेंद्र अहलावत, कर्ण सिंह और धर्मबीर बलहारा आदि मौजूद रहे।
प्रतिनिधि नहीं पहुंचा तो निकालेंगे शांति मार्च
जाट आरक्षण संघर्ष समिति के जिलाध्यक्ष दिलावर सिंह का कहना है कि यदि किसी कारणवश डीसी या उनका कोई प्रतिनिधि जाटों के बीच नहीं पहुंचता तो जाट शांति मार्च करते हुए लघु सचिवालय में पहुंचकर ज्ञापन देंगे। इस दौरान कोई भी भड़काऊ भाषण या अभद्र व्यवहार नहीं करेगा। वहीं अखिल भारतीय आदर्श जाट महासभा के राष्ट्रीय प्रवक्ता दीपक राठी ने आसन गांव में बैठक कर प्रदर्शन के लिए रणनीति तैयार की। उन्होंने बताया कि सभी लोगों के साथ इस प्रदर्शन को लेकर चर्चा की गई है। प्रदर्शन को पूरे शांतिपूर्वक तरीके से किया जाएगा।
कार्यक्रम में विरोधाभास ने बढ़ाई प्रशासन की चिंता
एक ओर जहां हजारों की संख्या में जाट एकजुट होंगे वहीं अलग-अलग रणनीति ने प्रशासन की चिंता भी बढ़ा दी है। जाट युवा एकता मंच के संयोजक नवीन मलिक और एडवोकेट विनीत धनखड़ का कहना है कि जाट भवन में शांतिपूर्ण बैठक होगी। इसके बाद आरक्षण बिल पास कराने के लिए ज्ञापन सौंपा जाएगा। पदाधिकारियों ने विश्वास दिलाया कि जिस तरह बोहर गांव के स्टेडियम में 10 मार्च को शांतिपूर्ण तरीके से महापंचायत हुई थी उसी तरह सोमवार को शांतिपूवर्क बैठक कर ज्ञापन सौंपा जाएगा।