शहर के गांधी कैंप बाजार में किशोर श्रमिक अजय की मौत के मामले में कांग्रेस के व्यापारी नेता बलदेव राज मिगलानी की मुश्किल बढ़ गई है। पुलिस ने परिजनों के बयान पर मिगलानी के खिलाफ गैर इरादत्तन हत्या व लापरवाही बरतने का केस दर्ज किया है। साथ ही लेबर एक्ट के तहत भी जांच की जा रही है। जांच अधिकारी ने नगर निगम से बिल्डिंग की वैधता व लेबर विभाग से एक्ट की सूचना मांगी है। क्योंकि अजय की उम्र 18 साल से कम थी।
नहीं करूंगी समझौता, पैसे नहीं बेटा चाहिए
किशोर अजय की मां निर्मला देवी ने बताया कि उन पर समझौते के लिए दबाव डाला जा रहा है। उन्हें पैसे नहीं, बेटा चाहिए। वहीं, अजय के पिता मेवाराम बेटे की मौत से बेहद आहत हैं। उनका कहना है कि घर का गुजारा चल रहा था, लेकिन अब कैसे परिवार का पालन-पोषण होगा, कुछ नहीं पता।
निगम से मांगा रिकार्ड, लेबर एक्ट भी जोड़ने की तैयारी
मामले की जांच कर रहे एएसआई बिजेंद्र सिंह ने बताया कि नगर निगम से बिल्डिंग से संबंधित रिकार्ड मांगा गया है। क्योंकि पता चला है कि व्यापारी नेता ने बिल्डिंग का पूरी तरह से नक्शा पास नहीं करवा सकता। साथ ही फायर विभाग से लिफ्ट लगाने की अनुमति की कॉपी भी नहीं मिल सकी है। दूसरा, लेबर एक्ट के तहत भी मामले की जांच की जा रही है। क्योंकि मृतक अजय की उम्र 18 साल से कम थी। एक्ट के अध्ययन के बाद कुछ कहा जा सकेगा।
चार भाई बहनों में सबसे बड़ा था अजय
परिजनों ने बताया कि चार साल पहले ही परिवार रोहतक आया था। अजय सबसे बड़ा था। एक भाई और दो बहन भी हैं। दिन में अजय सीनियर सेकेंडरी स्कूल में छठी कक्षा की पढ़ाई करता था और छुट्टी से आने के बाद क्राकरी की दुकान में काम करता था। जैसे तैसे छह सदस्यीय परिवार का भरण पोषण होता था, लेकिन भगवान को कुछ और ही मंजूर था। अजय के पिता मेवालाल का कहना है कि उनका लड़का क्राकरी की दुकान पर शाम तीन से रात के नौ से दस बजे तक काम करता था और बदले में दो हजार रुपये मिलते थे। जब वह दुकान पर कभी नहीं जाता था तो उसे घर से बुलाकर ले जाते थे।
दो दिन पहले परीक्षा में अव्वल आने पर मिला था अजय को इनाम
अजय के भाई विजय ने बताया कि उसका भाई छठी कक्षा में पढ़ता था। अभी दो दिन पहले ही उसे कक्षा में प्रथम आने पर इनाम भी मिला था। घर का खर्च चलाने के लिए वह क्राकरी की दुकान पर काम करता था। उनसे अब उनका सहारा छिन गया है। विजय ने बताया कि चार बजे हादसा हुआ था और उन्हें छह बजे सूचित किया गया।
मैं परिवार के साथ, संस्कार करवा कर आया हूं : मिगलानी
बलदेव राज मिगलानी का कहना है कि हादसे से मैं भी बहुत दुखी हूं। मैं दुख की घड़ी में पीड़ित परिवार के साथ हूं। अभी संस्कार करवाकर आया हूं। अब एफआईआर हो गई है। आगे देखते हैं क्या होता है।