यूके, यूपी पुलिस की मदद से नशे का कारोबार करने वालों पर शिकंजा कसेगी रोहतक पुलिस
- उत्तराखंड के हरिद्वार व यूपी के बागपत व शामली से नशीली वस्तुएं लेकर पहुंचते हैं लोग, एसपी रोहतक ने बनाया विशेष प्लान
- गिरोह के फरार सदस्यों व ब्रिकी करने वालों पर शिकंजा कसने के लिए यूके व यूपी पुलिस की ली जाएगी मदद
महबूब अली
रोहतक।
नशे के सौदागरों पर शिकंजा कसने के लिए रोहतक पुलिस ने प्लानिंग कर ली है। यूपी व यूके में बैठे गिरोह के सदस्यों व सरगनाओं पर शिकंजा कसने के लिए अब रोहतक पुलिस स्थानीय जिलों की पुलिस की मदद लेती नजर आएगी। इस संबंध में जल्द ही हरिद्वार, देहरादून, शामली व बागपत जिले की पुलिस को पत्र भेजा जाएगा। नशीली वस्तुएं सप्लाई करने वालों को पकड़ने का जिम्मा सीआईए व पुलिस दोनों को सौंपा गया है।
एसपी पंकज नैन ने बताया कि बीती 26 मार्च को सीआईए वन ने ओमैक्स सिटी के पास दिल्ली रोड से बिहार निवासी शहजाद को 950 ग्राम गांजे के साथ गिरफ्तार किया था। गांजे को रोहतक व झज्जर के एक ईट भट्ठे पर सप्लाई किया जाना था। पूछताछ में आरोपी ने बताया था कि वह गांजे को यूपी के शामली जिला निवासी युवक से 6 हजार में खरीदकर लाया था। एक पुड़िया 100 से 120 रुपये में बेचता था।
इसके अलावा रोहतक निवासी मनीष को 900 ग्राम चरस के साथ गिरफ्तार किया गया था। मनीष ने यूपी के बागपत से चरस को खरीदकर लाने की बात कहीं थी।
इसके अलावा सीआईए 2 ने सोनीपत रोड से कंसाला के विकास को गिरफ्तार किया था। विकास से 900 ग्राम चरस बरामद की गई थी। जिसकी कीमत करीब दो लाख रुपये बताई गई थी। पूछताछ में आरोपी ने बताया था कि वह चरस को एक लाख में खरीदकर उत्तराखंड के चंपावत निवासी कैलाश से लाया था। इसके अलावा दो माह पूर्व ही रोहतक निवासी युवक को चरस के साथ पकड़ा था। युवक ने हरिद्वार से चरस लाने की बात कहीं थी।
एसपी ने कहा कि देखने में आ रहा है कि रोहतक में यूके व हरियाणा से सटे यूपी के बागपत और शामली जिले से नशे की खेप सप्लाई की जा रही है। ऐसे 12 से अधिक लोगों को चिन्हित किया गया है। गिरोह से जुड़े यूके व यूपी के आरोपियों को पकड़ने के लिए अब यूके व यूपी पुलिस की मदद ली जाएगी। हरिद्वार, देहरादून, शामली व बागपत जिलों के एसपी को आरोपियों का ब्योरा भेजकर पकड़वाने में मदद मांगी जाएगी। ताकि गिरोह का पूरी तरह से भंडाफोड किया जा सके। गिरोह के पर्दाफास के लिए सीआईए के अलावा पुलिस को भी लगाया गया है।
नहीं मिल पाता है सहयोग
हर बार देखने में आता है कि यदि हरियाणा पुलिस अन्य राज्य के किसी भी जिले में आरोपियों को पकड़ने के लिए जाती है तो स्थानीय पुलिस का सहयोग नहीं मिल पाता है। कई बार तो हरियाणा पुलिस को लोगों के विरोध तक का सामना करने को मजबूर होना पड़ता है।
देहरादून से पहुंचती है सबसे अधिक नशे की खेप
रोहतक पुलिस के अनुसार अभी तक की जांच में सामने आया है कि देहरादून से सबसे अधिक नशे की खेप शहर में पहुंचती है। खरीदने वाले आरोपी को तो पुलिस हर बार पकड़कर सलाखों के पीछे पहुंचा देती है मगर बिक्री करने वाला दूसरे राज्य का होने के कारण पुलिस की पकड़ में नहीं आ पाता है।
यूके व यूपी के बागपत व शामली में नशीली वस्तुओं की बिक्री करने वालों पर शिकंजा कसने के लिए वहां के एसपी को जल्द ही पत्र भेजा जाएगा। आरोपियों को किसी भी कीमत पर नहीं बख्शा जाएगा। नशे का कारोबार करने वाले रोहतक पुलिस के निशाने पर है।
-पंकज नैन, एसपी रोहतक