दिल्ली, बहादुरगढ़ से पहुंची जांच टीम, दूसरे दिन भी नहीं हो पाई एटीएम की पहचान
अमर उजाला ब्यूरो
सांपला।
शक्रवार को खरावड़ चौकी से 1 किलोमीटर दूर कुएं में मिले खाली एटीएम की पहचान दूसरे दिन भी नहीं हो पाई। पुलिस ने आसपास के इलाकों सहित दूसरे राज्यों में भी इसकी सूचना दे दी है। लेकिन काफी प्रयासों के बावजूद पुलिस अभी तक यह पता लगाने में भी कामयाब नहीं हो पाई है कि यह एटीएम मशीन कौन से बैंक की है।
शनिवार को सांपला पुलिस थाने में रखी एटीएम की पहचान के लिए दिल्ली के मुंडका थाने से और बहादुरगढ़ थाने से टीम जांच के लिए पहुंची। लेकिन एटीएम पर कोई निशानी न होने के कारण जांच टीम को खाली हाथ ही लौटना पड़ा। इसके अलावा शहर में नाकाबंदी करने के बावजूद पुलिस आरोपियों को नहीं पकड़ पाई हैं पुलिस ने आरोपियों को पकड़ने के लिए जगह जगह के लगाए हैं लेकिन अभी तक पुलिस के हाथ खाली ही हैं
सीरियल नंबर है एकमात्र सहारा
बदमाशों ने एटीएम की पहचान के सारे सबूत खत्म कर दिए हैं इससे पुलिस को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। अब एटीएम की पहचान का एकमात्र सहारा मशीन पर छापा सीरियल नंबर है। पुलिस ने इस नंबर को मशीन बनने वाली कंपनी को दे दिया है। अब कंपनी के द्वारा पता चलेगा कि इस सीरियल नंबर की मशीन किस बैंक के एटीएम में लगाई गई थी। बैंक का पता चलने के बाद ही इसमें कितना कैश था यह पता चल पाएगा।
गैस कटर से काट कर निकाले पैसे
बदमाशों एटीएम से सारे पैसे निकालने के लिए गैस कटर या तेजधार हथियार का प्रयोग किया है। बैंक अधिकारियों ने बताया कि एटीएम की हालत देखकर साफ नजर आ रहा है कि बदमाशों ने इसको काटने के लिए गैस कटर जैसे हथियार का इस्तेमाल किया होगा। उनका कहना है कि बदमाशों ने पैसे निकालकर इसकी पहचान मिटाने के भी काफी प्रयास किए हैं।
एक दर्जन के करीब हो सकते हैं बदमाश
बदमाशों ने जिस प्रकार से एटीएम को उखाड़ कर इसमें से पैसे निकाले हैं और इसके बाद उसके सबूत मिटाने के लिए उसे कुएं में फेंका है। उससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि इस काम में 8 से 10 या इससे ज्यादा बदमाश शामिल हो सकते हैं। ग्रामीणों के अनुसार एटीएम मशीन को कुएं में फेंक कर बदमाश दो गाड़ियों में फरार हुए थे। इससे भी अंदाजा यही लगता है कि 2 गाड़ियों में कम से कम दर्जनभर बदमाश हो सकते हैं। बदमाशों ने जिस प्रकार से पैसे निकाले हैं उससे लगता है कि उनके पास इस काम के लिए पूरा समय था। उन्होंने बड़े आराम से किसी सुनसान जगह में ले जाकर इस में से पैसे निकाले हैं और सबूत मिटाने के लिए इसे यहां दूर खेतों में फेंकने आए थे। क्योंकि आसपास के इलाके में ऐसी कोई घटना नहीं है जहां पर एटीएम उखाड़ा गया हो।
शनिवार को दिल्ली के मुंडका थाने और बहादुरगढ़ थाने से टीम एटीएम की पहचान के लिए आई थी। लेकिन एटीएम मशीन पर कोई निशानी ना होने के कारण इसकी पहचान करने में काफी परेशानी आ रही है। इस मशीन पर इसका सीरियल नंबर मिला है। हमने इस नंबर को एटीएम मशीन बनाने वाली कंपनी को दे दिया है। जल्द ही इसका पता लग जाएगा कि यह एटीएम मशीन किस बैंक की है और इसमें कितना पैसा था। वही आरोपियों को पकड़ने के लिए भी शहर की नाकाबंदी की गई है जल्द ही आरोपी गिरफ्त में होंगे।
- जगदीश चंद्र थाना प्रभारी सांपला