रोहतक। कोरोना का संक्रमण लगातार लोगों को अपना शिकार बना रहा है, इससे अछूते कोरोना वॉरियर भी नहीं हैं। जोकि दिन रात मरीजों की जान बचाने में जुटे हुए हैं। पीजीआईएमएस के आईसीयू में कार्य करने वाले बेहोशी विभाग के सीनियर डॉक्टर भी कोरोना की चपेट में आ गए हैं। इसके अलावा विभिन्न स्थानों पर शुक्रवार को 68 नये संक्रमितों की पुष्टि हुई है और एक और संक्रमित की मौत के साथ जिले में संक्रमण से मरने वालों का आंकड़ा 50 हो गया है।
स्वास्थ्य विभाग की ओर से जारी हेल्थ बुलेटिन में जिले में कोरोना के कुल मरीजों की संख्या 4818 दिखाई गई है। इसमें से गनीमत है कि 3629 मरीज अब तक संक्रमण से ठीक हो चुके हैं। जिले में 31 संक्रमित पीजीआईएमएस में उपचाराधीन हैं तो 1108 मरीज होम आइसोलेट हैं। संक्रमण फैलने की दर 4.6 प्रतिशत आ गई है और रिकवरी रेट भी 75.6 पहुंच गया है। स्वास्थ्य विभाग संक्रमण को फैलने से रोकने के लिए लगातार एंटीजन किट व आरटी पीसीआर टेस्ट करवा रहा है। जिले में अब तक 104808 सैंपल जांचे जा चुके हैं और इसमें से 99456 सैंपल निगेटिव मिले हैं। विभाग को देर सायं 534 मरीजों की जांच रिपोर्ट मिलने का इंतजार रहा।
डीएलएफ कॉलोनी के युवक की कोरोना से मौत
स्वास्थ्य विभाग ने डीएलएफ कॉलोनी के 39 वर्षीय युवक की मौत को कोरोना से मौत में शामिल कर लिया है। इससे अब जिले में कोरोना से उपचार के दौरान मरने वालों की संख्या 50 हो गई है। बताया जा रहा है कि युवक लंबे समय से डायबटिक व कुछ समय से हायपरटेंशन से पीड़ित था। उसे कोरोना संक्रमण के दौरान होम आइसोलेशन पर रखा गया था। सांस लेने में समस्या होने पर उसे गहन उपचार रखा गया, लेकिन उपचार के दौरान मरीज ने दम तोड़ दिया।
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एसएचओ, इंटर्न, डिफेंस स्टाफ, रेलवे कर्मी को भी संक्रमण
शिवाजी कॉलोनी थाना के एसएचओ, एडीजीपी कार्यालय का स्टाफ, खेडी साध में सिविल अस्पताल का इंटर्न, सैनीपुरा में दिल्ली मिनिस्ट्री ऑफ डिफेंस का स्टाफ, बलियाना में सरकारी कंस्ट्रक्शन का स्टाफ, शिवाजी कॉलोनी में रेलवे कर्मी, डीएलएफ कॉलोनी का बिजनेसमैन, सेक्टर दो की स्टाफ नर्स, गोपाल कॉलोनी का बिजनेसमैन, एकता कॉलोनी में फार्मा कंपनी का स्टाफ, महम का बिजनेसमैन, चिन्योट कॉलोनी व जवाहर नगर का बिजनेसमैन, सुनारिया जेल में गौकर्ण चौकी के समीप का व्यक्ति, घन्नी पुरा की गृहिणी, देव कॉलोनी की छात्रा, उत्तम विहार का व्यक्ति, सेक्टर एक का बिजनेसमैन, शीतल नगर में सिंचाई विभाग का कर्मचारी, गृहिणी, देव कॉलोनी का छात्र, जवाहर नगर में घर पर ट्यूशन पढ़ाने वाली महिला, डीएलएफ का बिजनेसमैन, एकता कॉलोनी में पालिका बाजार का कर्मचारी, आंबेडकर कॉलोनी की टीचर, जगदीश कॉलोनी का बुजुर्ग, महिला, छात्र, मॉडल टाउन के दो बुजुर्ग, चमारिया में औद्योगिक विभाग का कर्मचारी, रूप नगर में एक, प्रताप मोहल्ला की गृहिणी, मकडौली में नगर निगम का कर्मचारी, राजीव कॉलोनी का छात्र, आंबेडकर कॉलोनी का प्रोपर्टी डीलर, गांधी नगर का दुकानदार, गृहिणी, गुरुचरणपुरा में तीन, मॉडल टाउन का बुजुर्ग व बिजनेसमैन, जसिया का छात्र, दुर्गा कॉलोनी की गृहिणी, शुगर मिल कॉलोनी में एचएसआईआईडीसी का कर्मचारी, घन्नी पुरा का छात्र, सेक्टर चार की सीएचसी घिलौड की स्टाफ नर्स, कलानौर में कर्मचारी, कन्हेेली में दो मजदूर, सेक्टर तीन की गृहिणी, बहलबा का मजदूर, महम में छह, बाबरा मोहल्ला में एमआर, काठमंडी का निजी कर्मचारी, पाडा व बाबरा मोहल्ला के निजी कर्मचारी, सेक्टर 34 में रेवाडी का कर्मचारी, आर्या नगर का बिजनेसमैन, सांपला का व्यक्ति आदि
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पीजीआईएमएस व सिविल सर्जन कार्यालय नहीं रख रहे सोशल डिस्टेंसिंग का ध्यान
कोरोना एक तरफ चरम की ओर बढ़ रहा है। ऐसे समय मेें हेल्थ प्रोफेशन से जुड़े लोग सोशल डिस्टेंसिंग के लिए जागरूक कर रहे हैं। इसी में कुछ ऐसे डॉक्टर, नर्स और स्टाफ हैं जोकि इस सोशल डिस्टेंसिंग की कोई पालना नहीं कर रहे हैं। पीजीआईएमएस की बात करें तो यहां निदेशक को बाकायदा फरमान जारी करना पड़ा है कि सभी एक साथ चाय पीना, खाना खाना और साथ घूमने से परहेज करें। संक्रमण से लड़ने के लिए हमें स्वयं को संक्रमण से बचाना है। वहीं स्वास्थ्य विभाग की बात करें तो यहां सिविल सर्जन कार्यालय में ही सोशल डिस्टेंसिंग की धज्जियां उड़ रही हैं। कर्मचारी, डॉक्टर व अन्य स्टाफ पहले की तरह भाईचारे में बैठकर खाते-पीते हैं। इससे संक्रमण का खतरा यहां और बढ़ गया है।