माई सिटी रिपोर्टर
रोहतक। नेहरू कॉलोनी की विवाहिता चेतना की मौत के 26 दिन बाद भी आरोपियों को गिरफ्तार नहीं किया जा सका है। शुक्रवार को मृतका के पिता झज्जर जिले के गांव माछरौली निवासी वीरेंद्र परिजनों के साथ एसपी गौरव राजपुरोहित से मिले। एसपी ने भरोसा दिए कि दो दिन में विसरा जांच रिपोर्ट आने की संभावना है। रिपोर्ट के आधार पर तुरंत कार्रवाई होगी।
मृतका के पिता वीरेंद्र ने 16 अगस्त को सिटी थाने में शिकायत दी थी कि आठ माह पहले उसकी बेटी चेतना (22) की शादी नेहरू कॉलोनी निवासी मनीष के साथ की थी। मनीष के पिता राजेंद्र रिटायर्ड फौजी व सास सुशीला गृहिणी हैं। शादी में हैसियत के तहत दान दहेज दिए।
इसके बावजूद बेटी को दहेज के लिए प्रताड़ित किया जा रहा था। ससुराल पक्ष के लोग कार की जिद कर रहे थे। इसके लिए बेटी से मारपीट कर प्रताड़ित किया गया। 14 अगस्त को रोहतक के सेक्टर-दो में रह रहे मौसा कुलदीप राठी ससुराल पक्ष को समझाकर गए।
15 अगस्त को वे खुद चेतना को लेने ससुराल आए लेकिन आरोपियों ने भेजने से इन्कार कर दिए। रविवार 16 अगस्त को उसे छह से 10 बजे तक कई बार बेटी को कॉल की लेकिन चेतना ने कॉल रिसीव नहीं की। रात 10 बजे ससुर का फोन आया कि वे तीनों प्लॉट देखने दिल्ली गए थे।
पीछे से चेतना घर से लापता हो गई है। रात को ढूंढ़ा तो चेतना का शव घर की तीसरी मंजिल पर रखी पानी की टंकी में शव मिला। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ दहेज हत्या की एफआईआर दर्ज की थी लेकिन अभी तक आरोपियों को गिरफ्तार नहीं किया जा सका है।