रोहतक। जवाहर लाल नेहरू (जेएलएन) नहर में डूबे साॅफ्टवेयर इंजीनियर 22 वर्षीय अंकित का शव झज्जर के गोच्छी गांव के पास मिला है। राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (एनडीआरएफ) की टीम शव को सात घंटे की मशक्कत के बाद शव ढूंढने में कामयाबी रही। रविवार शाम मृतक का उसके पैतृक गांव जसिया में अंतिम संस्कार किया गया।
अंकित के चाचा अमित ने बताया कि बचपन से ही अंकित पढ़ने में होशियार था। चार साल पहले वह महाराष्ट्र के पूना की कंपनी में साॅफ्टवेयर इंजीनियर के तौर पर नियुक्त हुआ। कोरोना काल के चलते वह अब तक वर्क फ्रॉम होम कर रहा था। शनिवार शाम को नहाने के लिए अपने दोस्त के सागर के साथ नहर पर चला गया। तेज बहाव के चलते अंकित डूब गया, जबकि सागर तैरकर बाहर आ गया। तभी से पुलिस अंकित की तलाश कर रही थी। शनिवार रात को अंधेरा होने के कारण अंकित को तलाश नहीं किया जा सका। सुबह एनडीआरएफ की टीम ने उसकी तलाश शुरू की। गोच्छी गांव के पास उसका शव मिला।
शव झज्जर के गोच्छी गांव के पास मिला था। झज्जर पुलिस की मामले में कार्रवाई कर रही है।
बजे सिंह, जांच अधिकारी, थाना शिवॉजी कॉलोनी