केंद्रीय इस्पात मंत्री बीरेंद्र सिंह ने पूर्व सीएम भूपेंद्र हुड्डा पर मानहानि का केस दर्ज कराने की धमकी दी तो हुड्डा भी जवाब देने को आगे आ गए। पूर्व सीएम हुड्डा ने कहा कि बीरेंद्र सिंह के किसी ने हाथ नहीं पकड़ रखे हैं। उनको मानहानि का मुकदमा करना है तो कर दें, क्योंकि वह अपनी विफलताओं को राजनीति में तोल रहे हैं।
पूर्व सीएम हुड्डा रविवार को अपने डी पार्क स्थित आवास पर पत्रकारों से वार्ता कर रहे थे। उन्होंने कहा कि बीरेंद्र सिंह अगर यह कह रहे हैं कि उन्होंने मुझे बहुत फायदे पहुंचाए हैं तो वह तारीख तय कर लें। उस तारीख को मेरे सामने बैठ जाएं और मुझे बताएं कि क्या फायदे पहुंचाए हैं। जहां तक बीरेंद्र सिंह के सीएलयू कराने की बात है तो मैंने यह नहीं कहा कि उन्होंने गलत सीएलयू कराए हैं। बल्कि मैंने यह कहा है कि सीएलयू कराए हैं और सीएलयू कोई भी करा सकता है, क्योंकि वह सभी का हक होता है। पूर्व सीएम ने कहा कि उनके समय में कोई गलत काम नहीं हुआ है, इसलिए वे किसी से नहीं डरते हैं। हुड्डा ने ढींगरा आयोग की रिपोर्ट भी सार्वजनिक करने की मांग उठाई। दावा किया कि अगर सरकार रिपोर्ट सार्वजनिक कर दे तो जनता को पता चल जाएगा कि सरकार केवल बयानबाजी कर रही है और उसमें उनको किसी भी तरह से गलत नहीं ठहराया गया है।
सरकार हरियाणा की नहीं, प्रकाश बादल की सहयोगी
पूर्व सीएम हुड्डा ने हवाई अड्डे को लेकर हरियाण-पंजाब के बीच चल रही खींचतान पर कहा कि हवाई अड्डे के मामले में जिम्मेदारों को हरियाणा के लोगों से माफी मांगनी चाहिए। क्योंकि चंडीगढ़ पर हरियाणा का दावा कमजोर करने का प्रयास किया गया है। इससे लग रहा है कि यह सरकार हरियाणा के लिए नहीं, बल्कि प्रकाश सिंह बादल के लिए काम कर रही है।
दादरी पर हुड्डा का दावा, हमारा था जिला बनाने का प्रपोजल
पूर्व सीएम ने कहा कि जिस चरखी दादरी को सरकार ने अब जिला घोषित किया है, उसे हमारी सरकार बहुत पहले बनाने की तैयारी कर चुकी थी और उसका प्रस्ताव भी हमारा था। यह अच्छी बात है कि सरकार ने हमारे प्रपोजल पर काम किया। लेकिन जिस विकास की मंशा के साथ हम चरखी दादरी को अलग जिला बनाना चाहते थे, उसी मंशा से विकास होना चाहिए और किसी तरह की राजनीति न हो।
जवानों की शहादत पर नहीं हो राजनीति
भूपेंद्र हुड्डा ने कहा कि यह एक दुखद घटना है कि हमारे 17 जवान देश की रक्षा करते हुए शहीद हो गए। लेकिन किसी को इस पर राजनीति नहीं करनी चाहिए। बल्कि सरकार को जवानों की सुरक्षा के लिए भी ठोस कदम उठाने चाहिए, क्योंकि उनकी सुरक्षा की जिम्मेदारी सरकार की होती है। शहीदों की चिताओं पर बस कोई राजनीति न करे। हुड्डा ने प्रदेश की कानून व्यवस्था पर भी सवाल उठाए और सीएम के मेवात व अन्य घटनाओं को छोटी बताने पर कहा कि जिम्मेदार लोगों को इस तरह की बात नहीं करनी चाहिए।