वन्य प्राणी विभाग लघु चिड़ियाघर में सिंह परिवार को बढ़ाने के लिए लगातार प्रयास कर रहा है। सैलानियों के लिए हमेशा आकर्षण का केंद्र रहा है। इसी कड़ी में शेर के हजार गज से बड़े बाड़े को दो भागों में भी विभाजित किया गया। सिंह परिवार में इस साल का दूसरा नया सदस्य एक और शेरनी शामिल किया जा रहा है। इसे कुरुक्षेत्र के पिपली चिड़ियाघर से जल्द लाया जाएगा।
इस साल की शुरुआत में लघु चिड़ियाघर के सिंह परिवार में एक शेर धीरा, दो शेरनियां सुधा और छोटी यानि कुल तीन सदस्य थे। एक माह पहले मार्च में बिलासपुर से एक ओर शेर का स्वागत सिंह परिवार में किया गया, जिसका नाग बीरू रखा गया है। सिंह परिवार में एक सदस्य बढ़ाया गया मगर उसके कुछ दिन बाद ही एक शेरनी छोटी को पुणे के चिड़ियाघर में भेज दिया गया और उसके बदले में एक लकड़बग्घा, चार कछुए, दो मकाऊ और दो ओर पक्षी लाए गए। वर्तमान में सिंह परिवार में तीन ही सदस्य मौजूद है। धीरा और सुधा एक बाड़े में और बीरू को उसके साथ वाले अलग बाड़े में रखा गया है।
चिड़ियाघर में सिंह परिवार को बढ़ाने का प्रयास किया जा रहा है। बीरू के साथ शेरनी छोटी का जोड़ा बनाने की योजना बनाई गई थी मगर दोनों के व्यवहार के कारण जोड़ा के लिए दोनो को साथ में नहीं रख सके। इस कारण शेरनी को पुणे भेज दिया गया और उसके बदले ओर वन्य व जलीय जीव और पक्षियों को ले आए। कुरुक्षेत्र के पिपली चिड़ियाघर से दूसरी शेरनी को लाने की अनुमति विभाग से ली गई है। दो माह में ही शेरनी को लाने का प्रयास रहेगा।
- देवेंद्र हुड्डा, मुख्य निरक्षक, लघु चिड़ियाघर, वन्य प्राणी विभाग