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Rohtak News: 43 दिन बाद शिक्षकों के प्रदर्शन को मिली संजीवनी

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रोहतक। सुपवा परिसर में पिछले 43 दिनों से लगातार चल रहे शिक्षक संघ के प्रदर्शन को लेकर प्रशासन ने अपनी चुप्पी तोड़ी है। धरने पर बैठे शिक्षकों की मांगों को लेकर विवि प्रशासन और कुलपति गजेंद्र चौहान जल्द ही बैठक का आयोजन करेंगे। हालांकि विवि प्रशासन की ओर से अभी कोई तारीख तय नहीं की गई है। सुपवा में शिक्षक लंबे समय से अपनी मांगों को लेकर विवि गेट पर प्रदर्शन कर रहे हैं। उनका कहना है कि विवि प्रशासन उनकी समस्याओं व मांगों पर कोई संज्ञान नहीं ले रहा है। वह पिछले कई दिनों से 7वें सीपीसी के तहत वेतनमान व पदोन्नति की मांग कर रहे हैं। सुपवा कुलसचिव वीपी नांदल ने कहा कि शिक्षकों की इन मांगों को पूरा करने के लिए प्रशासन की ओर से हर संभव किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि पदोन्नति के लिए कई शिक्षकों की पात्रता पूरी नहीं है। इसके लिए शिक्षकों को कई बार अवगत करवाया जा चुका है। शिक्षकों की मांगों को लेकर विवि प्रशासन का कहना है कि शिक्षकों की फाइल में ऑडिट के दौरान कई आपत्तियां सामने आई हैं, उन्हें स्पष्ट करने के बाद ही शिक्षकों की समस्याओं का समाधान हो सकता है। वहीं दूसरी ओर प्रदर्शन कर रहे शिक्षक संघ के सदस्य इंद्रनील घोष, जितेंद्र शर्मा, अनुराधा, महेश टीपी, दीप्ती खुराना, अजय कुमार आदि का कहना है कि प्रशासन की ओर से समस्याओं के निदान के लिए कोई कदम नहीं उठाया जा रहा। इतना समय बीत जाने के बाद भी वह 7वें वेतनमान का लाभ नहीं उठा पा रहे हैं। उन्होंने अपनी मांगों के प्रति रोष जताते हुए कहा कि जब तक प्रशासन की ओर से कोई सख्त कदम नहीं उठाए जाएंगे शिक्षक संघ की तरफ से विरोध प्रदर्शन जारी रहेगा।
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शिक्षकों की मांगों को लेकर विवि प्रशासन के साथ जल्द बैठक आयोजित की जाएगी। इसमें शिक्षकों द्वारा रखी गई मांगों पर चर्चा की जाएगी और उचित कार्रवाई के लिए निर्देश दिए जाएंगे। फिलहाल चार शिक्षकों की फाइल स्पष्ट हो चुकी हैं उन्हें बकाया वेतनमान दे दिया गया है। प्रशासन की ओर से आगामी एक महीने में सभी शिक्षकों की समस्या का निवारण करने का प्रयास किया जा रहा है।
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-गजेंद्र चौहान, कुलपति, दादा लख्मीचंद स्टेट यूनिवर्सिटी ऑफ परफार्मिंग एंड विजुअल आर्ट्स
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