नशा मुक्ति केंद्र में भर्ती कराए गए व्यक्ति को यातनाएं देकर मार डाला
अमर उजाला ब्यूरो
सोनीपत। शहर के राठधना रोड स्थित आईटीआई के पास एक नशा मुक्ति केंद्र में नशा छुड़ाने के लिए भर्ती कराए गए मरीज को केंद्र के कर्मियों ने प्रताड़ित कर दिया। जिससे उसकी मौत हो गई। कर्मचारियों द्वारा दी जा रही यातना केंद्र में लगे सीसीटीवी में कैद हो गई। मौत का कारण प्रताड़ना के दौरान मरीज का दम घुटना माना जा रहा है। हालांकि चिकित्सकों के बोर्ड ने मरीज का पोस्टमार्टम करवाने के बाद शव परिजनों को सौंप दिया। पुलिस ने गैर इरादतन हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
गांव खेवड़ा निवासी धर्मजीत (47) शराब पीने का आदी था। नशा छुड़ाने के लिए परिजनों ने चार दिन पहले ही उसे आईटीआई के पास स्थित फ्रैंडस न्यू लाइफ नशा मुक्ति केंद्र में भर्ती कराया था। जहां धर्मजीत की मौत हो गई। मृतक के बेटे अंकित का आरोप है कि शुक्रवार की दोपहर परिजनों के पास केंद्र से फोन आया था कि धर्मजीत की तबीयत अचानक खराब हो गई है उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है। जब परिजन सामान्य अस्पताल पहुंचे तो धर्मजीत की मौत हो चुकी थी। जब उन्होंने केंद्र संचालक संदीप व अन्य कर्मचारियों से मौत का कारण पूछा तो सब अलग-अलग कारण बता रहे थे। उन्हें बताया कि दिल का दौरा पड़ने से मौत हुई है। वहीं किसी ने बताया कि उसे जो दवाई दी गई थी दवाई को वह सहन नहीं कर पाया। जिसके चलते उसकी मौत हो गई। शक हुआ तो उन्होंने सिविल लाइन थाना पुलिस को सूचित किया। पुलिस ने केंद्र में लगे सीसीटीवी फुटेज की जांच की तो उसमें दिखाई दे रहा था कि कर्मचारी धर्मजीत पर रजाई डालकर उसके ऊपर बैठे हैं, एक कर्मचारी उसके मुंह के ऊपर बैठा दिखाई दे रहा है। थोड़ी देर बाद कर्मचारी उसे संभालते नजर आ रहे हैं जबकि धर्मजीत बेसुध है। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है। पुलिस ने अंकित के बयान पर केंद्र संचालक संदीप व अन्य कर्मियों के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का मामला दर्ज कर लिया है। वहीं पुलिस ने शनिवार को सामान्य अस्पताल में मेडिकल बोर्ड से शव का पोस्टमार्टम करवाने के बाद परिजनों को सौंप दिया। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
परिजनों ने डराने-धमकाने का भी लगाया आरोप
मृतक के भतीजे अमित का आरोप है जब उन्होंने मौत के कारण पर सवाल उठाए तो नशा मुक्ति केंद्र संचालक व कर्मी कई युवकों के साथ अस्पताल में भी पहुंचे। उन्होंने धमकाने का प्रयास भी किया। वह मामले को निपटाने का दबाव बना रहे थे।
नशा मुक्ति केंद्र में काफी देर तक किया प्रताड़ित
परिजनों का आरोप है कि सीसीटीवी में दिखाई दे रहा है कि केंद्र के कर्मी मरीज को रजाई में दबा कर उसके ऊपर बैठे हैं। प्रताड़ना का यह दौर काफी देर तक चलता रहा। इसी दौरान धर्मजीत की हालत बिगड़ गई। जिसके बाद कर्मचारियों ने उसे संभाला और सामान्य अस्पताल में पहुंचाया। मौत की वजह दम घुटना माना जा रहा है। हालांकि पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर ही मौत के कारणों के बारे में सही बताया जा सकता है।
वर्जन
नशा मुक्ति केंद्र में भर्ती कराए गए मरीज की मौत हो गई। परिजनों ने नशा मुक्ति केंद्र संचालक व कर्मचारियों के खिलाफ यातना देकर मारने की शिकायत दी है। सीसीटीवी फुटेज भी दी गई है। गैर इरादतन हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू की जा रही है। शव का मेडिकल बोर्ड से पोस्टमार्टम कराया गया है।
जितेंद्र, डीएसपी, मुख्यालय सोनीपत।