अभियान बंद होते ही शहर में फिर से अतिक्रमण शुरू
चरखी दादरी। डेढ़ माह तक शहर में लगातार अतिक्रमण हटाओ अभियान चलने के बाद अब एक माह से ठंडे बस्ते में पड़ा है। इसका फायदा फिर से दुकानदार उठाने लगे हैं। दुकानदारों ने तोड़े गए चबूतरों की जगह दोबारा निर्माण करवाना शुरू कर दिया है। लाला लाजपतराय चौक व बस स्टैंड रोड पर फिर से अतिक्रमण हो गए हैं। नगर परिषद टीम ने तीन दिन पहले अभियान चलाने का दावा किया था लेकिन धरातल पर ऐसी कोई कार्रवाई नजर नहीं आई। जिला उपायुक्त भी नगर परिषद को अभियान चलाने के निर्देश दे चुके हैं लेकिन अब तक इनकी पालना नहीं की गई है। इससे अतिक्रमण की मंशा रखने वाले दुकानदार फिर से दुकानों के बाहर चबूतरों का निर्माण करने के साथ-साथ सामान बाहर रख रहे हैं।
अतिक्रमण की वजह से शहर की सड़कों पर ट्रैफिक व्यवस्था बाधित होती देख जिला प्रशासन ने अप्रैल माह में अतिक्रमण हटाओ अभियान शुरू किया था। शहर की सभी प्रमुख सड़कों पर चलने वाले अभियान के लिए नप अधिकारियों ने डीसी से मंजूरी ली थी। लेकिन नगर परिषद का यह अभियान दो-तीन सड़कों तक ही सिमट कर रह गया। नगर परिषद ने अतिक्रमण हटाओ अभियान का आगाज अतिक्रमण का गढ़ माने जाने वाली काठमंडी से किया था। सड़क के दोनों तरफ से मिट्टी उठाने के बाद जब बात फड़ वाली जगह की आई तो यहां कुछ समय के लिए अभियान रुक गया और काठमंडी एसोसिएशन डीसी दरबार जा पहुंची। इसके बाद डीसी ने फड़ वाली जगह से सामान उठाने का तर्क व्यापारियों को दिया था। इसके बाद व्यापारियों ने सामान उठा लिया था। इसके बाद नगर परिषद ने बस स्टैंड रोड व रेलवे रोड पर अभियान चलाया था। सबसे अधिक चबूतरे लाला लाजपतराय चौक रोड पर तोड़े गए थे। इसके बाद से ही पिछले करीब एक माह से यह अभियान अधर में लटका हुआ है। नगर परिषद ने अब तक न तो काठमंडी सड़क के सौंदर्यकरण का काम शुरू किया है और न ही अतिक्रमण अभियान को आगे बढ़ाया है। दुकानों के आगे जगह कच्ची पड़ी होने से दुकानदारों को परेशानियां उठानी पड़ रही है। इन परेशानियों से छुटकारा पाने के साथ-साथ जगह को कब्जाने के प्रयास दुकानदारों ने फिर से शुरू कर दिए हैं। लाला लाजपतराय चौक क्षेत्र में करीब आधा दर्जन दुकानदारों ने फिर से चबूतरे का निर्माण करवाने की कवायद शुरू कर दी है।
बस स्टैंड रोड पर चला आधा-अधूरा अभियान
नगर परिषद ने शुरुआत में सख्ती दिखाते हुए बस स्टैंड पर अभियान चलाकर दुकानों के बाहर रखा सामान जब्त किया था। इस दौरान नगर परिषद ने चार से पांच फुट तक बाहर निकली टीन शेड को हटाने के लिए दुकानदारों को कुछ मोहलत दी थी। इसके साथ ही दुकानदारों के स्वेच्छा से इन्हें न हटाने पर जेसीबी से तोड़ने की चेतावनी भी देकर यहां से लौटी थी। इसके बाद से नगर परिषद अधिकारियों ने न टीन शेड की सुध ली और न ही दोबारा से पैर पसार रहे अतिक्रमण पर कोई कार्रवाई की है।
स्वीकृति के बाद भी काठमंडी में नहीं शुरु हुआ काम
काठमंडी सड़क के दोनों तरफ मिट्टी उठने से खाली हुई जगह को पक्का कराने के साथ-साथ यहां टाइलें बिछाने के लिए नप अधिकारियों ने करीब 44 लाख का एस्टीमेट तैयार कर प्रशासनिक स्वीकृति ली थी। इस बात को करीब डेढ़ माह हो चुका है लेकिन अधिकारी धरातल पर काम शुरू नहीं हुआ है। वहीं बिजली निगम ने भी यहां की बिजली लाइन को शिफ्ट करने के लिए कोई प्रक्रिया शुरू नहीं की है। ऐसे में काठमंडी के सौंदर्यकरण का मामला भी अधर में लटका पड़ा है।
सोमवार से अभियान फिर से शुरू किया जाएगा। अगर किसी दुकानदार ने दोबारा से चबूतरे का निर्माण करवाया है तो नियमानुसार कार्रवाई करेंगे। अब लगातार शहर में अतिक्रमण हटाओ अभियान चलाया जाएगा। काठमंडी सड़क के सौंदर्यकरण का प्रोजेक्ट भी जल्द से जल्द शुरू करेंगे। इसका खाका तैयार किया जा चुका है।
संजय यादव, सचिव नगर परिषद
मैंने नगर परिषद को अभियान शुरू करने के निर्देश दे दिए हैं। अतिक्रमण को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। आमजन से अपील है कि अतिक्रमण के खात्मे में प्रशासन का सहयोग करें ताकि शहर के सौंदर्यकरण का कार्य शुरू करवाने में बाधाएं न आए।
विजय कुमार सिदप्पा, डीसी