रोहतक। लाखनमाजरा थाना इलाके में पुलिस को मिले नवजात शिशु के क्षत-विक्षत शव मामले में रविवार को बड़ा खुलासा हुआ। इस नवजात को एक 14 वर्षीय किशोरी ने जन्म दिया था। वह एक नाबालिग की हैवानियत का शिकार हुई थी। पुलिस इस मामले में कार्रवाई कर रही है।
नवजात के क्षत-विक्षत शव को अपना बताने वाली किशोरी के सामने आने से पुलिस की जांच आगे बढ़ी है। पुलिस ने पीड़ित लड़की का अस्पताल में मेडिकल कराया। यही नहीं आरोपी के खिलाफ भी कार्रवाई की जा रही है। एफएसएल टीम प्रभारी डॉ. सरोज दहिया को विशेष रूप से मौके पर बुलाया गया। उन्होंने घटना स्थल से केस से जुड़े तथ्य जुटाए। पुलिस को एक मकान से खून से सनी चादर व घर के शौचालय में खून फैला मिला है। फिलहाल किसी की गिरफ्तारी नहीं हुई है।
पुलिस को किए बयान में किशोरी ने पास के ही गांव में रहने वाले 16 वर्षीय लड़के पर उसके साथ गलत काम करने का आरोप लगाया है। पहली बार करीब डेढ़ साल पहले उसके साथ दुष्कर्म हुआ। उस दिन वह कूड़ा डालने गई थी। आरोप है कि नाबालिग आरोपी ने उसे इस बारे में घरवालों को बताने पर जान से मारने की धमकी दी। यही नहीं करीब सात महीने पहले उसने फिर से उससे उसी जगह दुष्कर्म किया। दुष्कर्म के बाद वह गर्भवती हो गई। उसे 11 अप्रैल की रात पेट में दर्द हुआ। वह शौचालय में गई तो वहां डिलिवरी हो गई। बच्चा वहीं पड़ रहा, वह जिंदा था या नहीं, पता नहीं। वहां से अपने घर चली गई। बाद में पुलिस को कुत्तों द्वारा शव नोचने की सूचना मिली थी।