तीन-तीन सौ मीटर पर चरणबद्ध तरीके से रेलवे रोड पर बिछाई जाएगी ड्रेनेज लाइन
- रेलवे रोड व्यापारियों की अधिकारियों के साथ हुई बैठक, वीरवार से शुरू किया जाएगा काम
- सहकारिता मंत्री ने अधिकारियों को व्यापारियों के साथ बैठक कर समाधान का दिया था आदेश
अमर उजाला ब्यूरो
रोहतक।
रेलवे रोड की दुकानों के आगे बने रैंप को बगैर बताए तोड़ने पर व्यापारियों के विरोध पर सहकारिता मंत्री मनीष ग्रोवर ने व्यापारियों के साथ सोमवार को सर्किट हाउस में वार्ता की थी, जिसके बाद नगर निगम समेत अन्य विभागों के अधिकारियों को व्यापारियों के साथ बैठक कर समाधान का आदेश दिया गया था। इसी के तहत बुधवार की शाम नगर निगम और बिजली विभाग के अधिकारियों की बैठक हुई। जिसमें तय हुआ कि तीन-तीन सौ मीटर पर चरणबद्ध तरीके से रेलवे रोड पर ड्रेनेज लाइन बिछाई जाएगी। जिससे व्यापारियों को परेशानी नहीं होगी। इसके साथ ही ट्रांसफार्मर के ओवरलोड होने की वजह से होने वाली कटौती का भी समाधान किया गया।
बुधवार की शाम चार बजे गोल्डस्मिथ एंड ज्वेलर एसोसिएशन के अध्यक्ष राकेश वर्मा की शॉप पर अधिकारियों के साथ बैठक हुई। जिसमें तय हुआ कि बारिश के दौरान रेलवे रोड पर जलभराव की समस्या से निपटने के लिए काम एकसाथ करने के बजाए तीन-तीन मीटर के टुकड़ों में होगा, जिससे व्यापारियों को परेशानी नहीं होगी। व्यापार भी प्रभावित नहीं होगा। नालियों से कुछ दूरी ड्रेन लाइन पूरी रेलवे रोड मार्केट में बिछाई जाएगी। इसके साथ ही सुनारों वाली गली का भी निर्माण किया जाएगा। बुधवार से इस काम को शुरू कर दिया जाएगा और 25 जून के पहले रेलवे रोड के निर्माण का काम पूरा कर लिया जाएगा। इस मौके पर मौजूद व्यापारियों में राकेश वर्मा के साथ ही व्यापारी हेमंत बख्शी, चरणजीत बब्बर, सुरेंद्र डाबरा, कृष्ण बंसल, चुन्नी लाल, संत लाल सहगल, अमित वर्मा, विनोद जैन, अनिल सहगल, आदेश जैन, पुनीत वर्मा आदि मौजूद रहे। गौरतलब है कि रविवार रात करीब साढ़े 10 बजे रेलवे रोड पर जेसीबी लेकर चालक घुस आया था और 20 दुकानों के आगे बने रैंप तोड़ दिए गए थे। रेलवे रोड पर सराफ मार्केट है और बगैर बताए की गई कार्रवाई से व्यापारियों में रोष था।
- एक और ट्रांसफार्मर लगने से ओवरलोडिंग से नहीं जाएगी बिजली
इसके साथ ही बिजली निगम के अधिकारियों के साथ ही व्यापारियों की बैठक हुई, जिसमें व्यापारियों ने रेलवे रोड में बिजली की समस्या अधिकारियों के सामने रखी। जिसके बाद तय किया गया कि मार्केट में दो सप्ताह में एक और ट्रांसफार्मर लगाकर लोड बांटा जाएगा। इससे ट्रांसफार्मर ओवरलोड होने की वजह से होनी वाली बिजली कटौती से राहत मिलेगी।