रोहतक। एएसजे नरेश कुमार की अदालत ने नाबालिग से दुष्कर्म के दोषी को 20 साल कैद और तीन हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माना न भरने पर अतिरिक्त सजा भुगतनी पड़ेगी।
पुलिस रिकाॅर्ड के मुताबिक वर्ष 2014 में महम चौबीसी के एक गांव की 16 साल की लड़की ने महम थाने में शिकायत दी थी कि वह 11वीं कक्षा में पढ़ती है। साथ ही गांव की युवती के पास सिलाई सीखने जाती थी। सिलाई सिखाने वाली युवती ने कहा कि गांव का एक युवक उससे दोस्ती करना चाहता है। पीड़िता ने मना कर दिया। इसके बावजूद आरोपी अपने दोस्तों के साथ उसका पीछा करने लगा। एक दिन आरोपी युवक का दोस्त उसके घर आया और जबरन उसके पिता के दूध में नशे की गोलियां मिलाकर चला गया। रात को आरोपी आया और उसके साथ गलत काम किया। इसके बाद उसे डरा धमकाकर शहर में बुलाया गया, वहां उसके दोस्तों ने दुष्कर्म किया। पुलिस ने मामला दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया था, जो पीड़िता के गांव का ही है। मंगलवार को अदालत ने आरोपी को दुष्कर्म और 6 पाॅक्सो एक्ट के तहत आरोपी को दोषी करार दिया था, जिसे बुधवार को 20 साल की कैद व 2 हजार रुपये जुर्माना की सजा सुनाई। जबकि जान से मारने की धमकी देने पर 3 साल की कैद व एक हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई। दोनों सजाएं एक साथ चलेंगी।