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तंग गलियों से भी अब होगा कूड़े का उठान

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तंग गलियों से भी अब होगा कूड़े का उठान
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चरखी दादरी।
अब नगर परिषद कर्मचारी वार्ड की तंग गलियों में भी नियमित कूड़ा उठाने के लिए पहुंचेंगे। शहरवासियों की परेशानियों को देखते हुए नगर परिषद ने सौ रेहड़ियां खरीदी हैं। इन रेहड़ियों की पूरी खेप नगर परिषद कार्यालय पहुंच चुकी है और अगले सप्ताह से इनके वितरण का काम शुरू कर दिया जाएगा। अमर उजाला ने तंग गलियों से नियमित कूड़े का उठान न होने की समस्या को अलग-अलग संस्करणों में भी उठाया है। इसके बाद परिषद हाउस की बैठक में सर्वसम्मति से सौ रेहड़ियां खरीदने का प्रस्ताव पारित किया गया। इसके बाद नप अधिकारियों ने प्रपोजल तैयार कर वर्क ऑर्डर जारी किए थे। कूड़ा उठान के लिए नई रेहड़ियां पहुंचने से शहर के करीब 15 से 20 हजार लोगों को राहत मिलेगी। वार्ड पार्षदों ने अब नप अधिकारियों से इन रेहड़ियों का वितरण करने की गुहार भी लगाई हैं। रेहड़ियों की खरीद पर करीब पांच लाख रुपये का खर्चा आया है और जरूरत महसूस होने पर नप कार्यकारिणी से प्रस्ताव पास करवाकर अधिकारी एक खेप और मंगवा सकते हैं।
नगर परिषद के दायरे में आने वाली शहर की करीब 100 से 125 गलियां अब भी कच्ची पड़ी हैं। यहां कूड़ा उठान के लिए वाहन ही नहीं पहुंच पाता। कुछ ऐसा ही हाल कई वार्डों की गलियों का भी है। ये गलियां पक्की तो हैं लेकिन तंग होने के चलते इनमें ट्रैक्टर और टिपर कूड़ा उठान के लिए नहीं पहुंच पाते। संसाधनों के अभाव में सफाई कर्मी भी हाथ खड़े कर लेते हैं और इन गलियों में अक्सर कूड़े के ढेर लगे नजर आते हैं। नियमित कूड़े का उठान न होने से वार्डवासी परेशान रहते हैं और प्रतिदिन कूड़ा उठान न होने की 40 से 50 शिकायतें अधिकारियों के पास पहुंच रही है। अमर उजाला ने भी अपने अलग-अलग संस्करणों में नियमित कूड़े का उठान न होने की समस्या को प्रमुखता से प्रकाशित किया था। इसके बाद परिषद हाउस की बैठक में पार्षदों ने नई रेहड़ियां खरीदने का सुझाव दिया था, जिसे नप कार्यकारिणी ने सर्वसम्मति से पास कर दिया था। इसके बाद नप अधिकारियों ने इसका प्रपोजल तैयार किया था। इस प्रशासनिक स्वीकृति मिलने के बाद नप अधिकारियों ने नवंबर माह में इसके वर्क ऑर्डर जारी किए थे। अमर उजाला ने नप के इस कदम पर पांच नवंबर के संस्करण में नप के बेड़े में 100 रेहड़ियां और दो टिप्पर शामिल नामक शीर्षक से खबर प्रकाशित की थी। दो रोज पूर्व ही नप अधिकारियों के पास नई रेहड़ियों की खेप पहुंच गई है और अब अधिकारी इनका वितरण करने की तैयारी में हैं। नप अधिकारियों की मानें तो रेहड़ियों का वितरण वार्ड की आबादी व तंग गलियों की संख्या के अनुरूप किया जाएगा और अगले सप्ताह से यह प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी। प्रत्येक रेहड़ी की जिम्मेवारी सफाई कर्मचारी को सौंपी जाएगी और इसमें कूड़ा उठान के लिए जरूरी संसाधन भी उपलब्ध होंगे।
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डोर-टू-डोर कूड़ा उठान योजना का नहीं मिल पा रहा लाभ
नगर परिषद ने करीब पांच माह पहले ही शहर में डोर-टू-डोर कूड़ा उठान सेवा शुरू की है। इसके तहत नगर परिषद का वाहन कूड़ा निस्तारण करने के लिए घर के बाहर पहुंचता है। शहर में इस सेवा का लाभ भी करीब 80 से 90 गलियों के लोगों को नहीं मिल पा रहा। इसका कारण इन गलियों में वाहनों के जाने के लिए रास्ता न होना है। नई रेहड़ियों की खेप पहुंचने से अब इन तंग गलियों के लोगों को भी कूड़े के ढेरों से निजात मिलेगी।
वार्ड के समीकरण के मुताबिक दी जाएंगी रेहड़ियां
नगर परिषद अधिकारियों ने बताया कि अगले सप्ताह से रेहड़ी वितरण का काम शुरू कर दिया जाएगा। सचिव संजय यादव ने बताया कि वार्ड पार्षदों से रेहड़ियों की जरूरत संबंधी सूची मांगी जाएगी और इसके बाद वार्ड की जनसंख्या व तंग गलियों की संख्या का आंकलन कर ही रेहड़ी वितरण किया जाएगा। उन्होंने बताया कि जरूरत पड़ने पर बैठक में एक खेप और मंगवाने का सुझाव रखा जा सकता है और अगर इस पर सहमति बनी तो जल्द ही नप नई और भी रेहड़ियां मंगनवा सकता है।
सफाई व्यवस्था के लिए ये संसाधन है मौजूद
नगर परिषद बेड़े में इस समय करीब 173 सफाई कर्मचारी हैं। इनमें 92 कच्चे और 61 पक्के कर्मचारी हैं। इनके अलावा कुछ माह पहले ही डीसी रेट पर भी 40 कर्मचारी भर्ती किए गए थे। डोर-टू-डोर कूड़ा उठान के लिए नप के पास पांच टिप्पर भी हैं जबकि तीन ट्रैक्टर-ट्राली के जरिए प्रमुख सड़कों किनारे से कूड़े का उठान किया जाता है। इसके अलावा डंपिंग प्वाइंट पर कूड़े को समतल करने के लिए नप के पास एक लोढर भी है।
पार्षद बोले: जल्द करें अधिकारी रेहड़ियों का वितरण
--रेहड़ियां नगर परिषद कार्यालय पहुंच चुकी हैं तो अधिकारियों को जल्द से जल्द इनका वितरण करना चाहिए। रेहड़ियों से तंग गलियों से भी नियमित कूड़ा उइान हो सकेगा और इसके चलते लोगों को परेशानियों से निजात मिलेगा।
वीरेंद्र पप्पू, पार्षद
--रेहड़ियां न होने के चलते तंग गलियों से कूड़ा उठान में समस्याएं आ रही थीं। वार्डवासी कूड़े का नियमित उठान न होने से परेशान थे। इसलिए अब अधिकारियों को बिना देरी किए इन रेहड़ियों का वितरण शुरू कर देना चाहिए।
आनंद महराण, पार्षद वार्ड 03
--वार्ड की तंग गलियों से कूड़े का नियमित उठान न होने से वार्डवासी परेशान हैं। रेहड़ियों मंगवाने का प्रस्ताव पारित किया गया था और अब अगर खेप पहुंच चुकी है तो यह अच्छी बात है। जल्द से जल्द रेहड़ियां वार्डों के लिए दे दी चाहिए।
दिनेश जांगड़ा, पार्षद वार्ड 04
--रेहड़ियां आने से कूड़ा उठान में आसानी रहेगी और कर्मचारियों को भी दिक्कतें नहीं आएंगी। खेप नगर परिषद कार्यालय में पहुंच चुकी है तो अधिकारियों को तुरंत प्रभाव से इन्हें वितरित करना चाहिए, ताकि लोगों को कूड़े के ढेरों से निजात मिल सके।
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कुलदीप गांधी, पार्षद 16
वर्जन::
तंग गलियों से कूड़ा उठाने के लिए हमने 100 रेहड़ियां मंगवाई थी। एक रेहड़ी पर करीब पांच हजार रुपये लागत आई है। हमारे पास पूरी खेप पहुंच चुकी है और जल्द से जल्द इन्हें वितरित किया जाएगा। शहर की सफाई व्यवस्था में सुधार के लिए हम निरंतर प्रयासरत है।
संजय यादव, सचिव नगर परिषद
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