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सीएम -फाइल नंबर-दो

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रेलवे के ऊपरगामी पुल निर्माण हुआ तो छिन जाएगा रोजगार
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व्यापारी बोले- पुलिस द्वारा अभद्रता का पता होता तो सीएम से मिलने ही नहीं आते
अमर उजाला ब्यूरो
रोहतक।
कच्चा बेरी रोड पर ऊपरगामी पुल निर्माण के विरोध में सीएम से मिलने के लिए पहुंचे व्यापारियों से अमर उजाला ने बातचीत की। व्यापारियों ने कहा कि यदि पुल का निर्माण हुआ तो उनका रोजगार ही छिन जाएगा। पुलिस की अभद्रता पर आक्रोश जताया। मामले की शिकायत पुलिस के अधिकारियों से करने की बात कहीं है।
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कच्चा बेरी रोड पर पुल का निर्माण किया जाता है तो करीब साढे़ तीन सौ व्यापारियों का रोजगार छिन जाएगा। यहीं नहीं व्यापारी सड़कों पर आ जायेंगे। पुल निर्माण का विरोध दर्ज कराने के लिए वह सीएम से मिलने आए थे। मगर पुलिस ने उनके साथ अभद्रता की।
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-सन्नी, परचून दुकानदार।
पुल का निर्माण होने से कई दुकानों के निर्माण को भी ध्वस्त कराया जाएगा। दुकानों से ही व्यापारियों का रोजगार चलता है। सभी बेरोजगार हो जाएंगे।
-मोनू, किराना दुकानदार।
पति परचून की दुकान कर परिवार का पालन पोषण करते हैं। पुल निर्माण होने से व्यापारी बेरोजगार हो जायेंगे। सभी व्यापारी सीएम से मिलने के लिए पहुंचे थे मगर पुलिसकर्मियों ने उन्हें न सिर्फ धक्के देकर बाहर निकाल दिया बल्कि अभद्रता भी की।
-पिंकी।
बेटी बीए कर चुकी है। मगर उसकी नौकरी नहीं लग पा रही है। वह बेटी की नौकरी लगवाने के लिए पहुंची थी मगर पुलिसकर्मियों ने उसे पंडाल के अंदर नहीं जाने दिया। यहीं नहीं धक्के देकर बाहर निकाल दिया।
-रेशमा, कच्चा बेरी रोड।
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सीएम के आते ही कर दी नारेबाजी शुरू, फरियादियों को बाहर निकाला
गाड़ी से उतरते ही फरियादियों के बीच पहुंचे सीएम
रोहतक।
पुराना आईटीआई मैदान में व्यापारी सम्मेलन के बाद सीएम सीधे सिंचाई विभाग के रेस्ट हाउस पर पहुंचे। रेस्ट हाउस के गेट पर कई स्थानों के लोग अपनी शिकायत लेकर पहुंचे थे। जैसे ही लोगों ने सीएम की गाड़ी देखा तो नारेबाजी करनी शुरू कर दी। यहां पर भी कई फरियादियों को सीएम से नहीं मिलने दिया गया।
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ओल्ड हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी की वर्षा का आरोप है कि उसे पुलिसकर्मियों ने रेस्ट हाउस के अंदर से धक्का देकर बाहर निकाल दिया। वह पुत्री की नौकरी लगवाने के लिए सीएम से मिलने पहुंची थी। दरअसल, उसका बेटा मनीष कुमार शर्मा सिंचाई विभाग में चालक के पद पर तैनात था। जाट आंदोलन के दौरान वह घायल हो गया था। बाद में उपचार के दौरान उसकी मृत्यु हो गई थी। उसकी पुत्रवधू बच्चों को लेकर चली गई थी। अब वह तथा उसकी बेटी अर्चना किसी तरह परिवार का पालन पोषण कर रही है। पुत्री अर्चना की पुत्र के स्थान पर नौकरी लगवाने की मांग पर कर रही थी। पुलिस से भी वर्षा की नोकझोंक हुई। हालांकि बाद में एक पुलिसकर्मी ने अभद्रता के लिए वर्षा से माफी भी मांगी।
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