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निचली अदालत के आदेश के खिलाफ सेशन कोर्ट में की जांच अधिकारी ने अपील, 10 जून को सुनवाई

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रोहतक। लोकसभा चुनाव में मतदान के दिन काठमंडी स्थित मतदान केंद्र पर सहकारिता मंत्री मनीष ग्रोवर और कांग्रेस के पूर्व विधायक भारत भूषण बतरा के बीच हुई झड़प के मामले में नया मोड़ आ गया है। जेएमआईसी विवेक कुमार की अदालत द्वारा मनीष ग्रोवर व रमेश लोहार के खिलाफ केस दर्ज करने के आदेश के खिलाफ जांच अधिकारी एवं शिवाजी कालोनी थाना प्रभारी कमलदीप की तरफ से सरकारी वकील राजेश्वर कौशिक ने गुरुवार को एडीजे रितु वाईके बहल की अदालत में अपील की। अदालत में अब 10 जून को जांच अधिकारी की अर्जी पर सुनवाई होगी।
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12 मई को लोकसभा चुनाव के लिए मतदान किया गया। काठमंडी स्थित भारती कन्या स्कूल में बनाए गए बूथ नंबर 145 पर सहकारिता मंत्री एवं स्थानीय विधायक मनीष ग्रोवर और कांग्रेस के पूर्व विधायक भारत भूषण बतरा के बीच मतदान केंद्र के अंदर आने को लेकर नोकझोंक हो गई। कांग्रेस प्रत्याशी दीपेंद्र हुड्डा ने डीसी एवं चुनाव अधिकारी डॉक्टर यश गर्ग से शिकायत दर्ज कराई थी। पुलिस ने बूथ के पीठासीन अधिकारी के बयान पर मंत्री, पूर्व विधायक सहित अन्य के खिलाफ केस दर्ज कर लिया। इसी बीच जिला बार के प्रधान एवं कांग्रेस समर्थक लोकेंद्र फौगाट ने एसपी को शिकायत दी कि वे पुलिस की जांच से संतुष्ट नहीं है। मंत्री ग्रोवर व रमेश लोहार के खिलाफ नए सिरे से मामला दर्ज कर जांच की जाए। जब पुलिस ने कोई कदम नहीं उठाया तो फौगाट ने जेएमआईसी विवेक कुमार की अदालत में सीआरपीसी की धारा 156(3) के तहत याचिका दायर कर दी। 3 जून को अदालत ने याचिका पर सुनवाई करते हुए पुलिस को आदेश दिए कि मामले में मंत्री व रमेश लोहार के खिलाफ याचिकाकर्ता द्वारा लगाए गए आरोपों के तहत मामला दर्ज कर जांच की जाए। पुलिस ने अभी तक केस दर्ज नहीं किया है। हालांकि इस मामले में पहले ही आईपीसी की धारा 188 व 506 के तहत रमेश लोहार के खिलाफ केस दर्ज है। याचिकाकर्ता पुलिस की कार्रवाई से संतुष्ट नहीं हैं। उन्होंने दो दिन में पुलिस द्वारा नए सिरे से मंत्री ग्रोवर व रमेश लोहार के खिलाफ एफआईआर दर्ज न होने पर कोर्ट में अवमानना की याचिका दायर करने की बात कही थी। उससे पहले ही जांच अधिकारी ने निचली अदालत के आदेश के खिलाफ सेशन कोर्ट में अपील कर दी है।
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