स्कूलों में बांटीं क्लोरीन की गोलियां
चरखी दादरी।
शहर में एक सप्ताह पहले बूस्टिंग स्टेशनों के पानी के सैंपल फेल होने के बाद स्वास्थ्य विभाग की टीम ने सिविल अस्पताल की वरिष्ठ अधिकारी अनिता गुलिया के निर्देश पर वीरवार को स्कूलों में क्लोरीन की गोलियां वितरित की। इस टीम में स्वास्थ्य निरीक्षक जगदीश कुमार, इंद्रजीत व संजय शामिल थे। स्वास्थ्य निरीक्षक जगदीश ने बताया कि क्लोरीन की एक गोली रात के समय 20 से 25 लीटर पानी में मिलानी चाहिए। इसके चार घंटे बाद इस पानी को प्रयोग में लाया जा सकता है। स्वास्थ्य विभाग की टीम वीरवार को गीता निकेतन स्कूल, शिव सीनियर सेकेंडरी स्कूल, टैगोर स्कूल, केएन स्कूल, आदर्श स्कूल, विश्वेश स्कूल व आदर्श पब्लिक स्कूल में पहुंची और क्लोरीन की गोलियां वितरित की।
टीम में शामिल सदस्यों ने बच्चों और प्राचार्य को क्लोरीन की गोली के लाभ और उसके उपयोग के बारे में भी बताया। निरीक्षक जगदीश ने बताया कि बीमारियों से बचने के लिए पानी में क्लोरीन की मात्रा का होना बहुत जरूरी है। उन्होंने कहा कि इस मौसम में पेयजल संबंधी रोग ज्यादा फैलते हैं। खासकर पेट संबंधी बीमारियां ज्यादा बढ़ती हैं। ऐसे में पानी को उबालकर पीना चाहिए। पानी में सभी आवश्यक प्राकृतिक तत्व मौैजूद होने चाहिए। समय- समय पर अपने घर व स्कूल आदि के पानी की जांच करवानी चाहिए। एक सप्ताह पहले स्वास्थ्य विभाग की टीम ने नगर परिषद के सहयोग से फॉगिंग कार्य शुरू करवाया था। शहर के विभिन्न भागों में जलभराव होने की वजह से मच्छरों की भरमार बनी हुई है। बारिश के पानी में मच्छर बढ़ने से बीमारियों का अंदेशे से देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने फॉगिंग कार्य शुरू किया था लेकिन बीच में दो दिन बंद करने के बाद वीरवार को फिर से फॉगिंग शुरू कर दी गई है।