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होटल और ढाबों पर पहुंची टीम, तंदूर और भट्ठी बुझाई

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होटलों और ढाबों पर पहुंची प्रशासनिक टीम, तंदूर और भट्ठी बुझाई
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चरखी दादरी।
900 पीएम से पार पहुंच चुके प्रदूषण के स्तर को नीचे लाने के लिए प्रशासन ने रविवार को ढाबों व होटलों पर छापामारी की। टीम ने छुट्टी के दिन भी करीब साढ़े तीन घंटे जांच अभियान चलाया। उन्होंने होटलों में तंदूर या भट्ठी में कोयला या लकड़ी के गुटकें प्रयोग करने वाले संचालकों को टीम ने इस बार चेतावनी देकर छोड़ दिया। इन होटलों व ढाबा संचालकों को कोयला या लकड़ी के गुटके प्रयोग करने पर प्रतिष्ठान को सील करने व प्रदूषण नियंत्रक एक्ट के तहत मामला दर्ज कराने की चेतावनी भी दी गई है। कुछ होटल संचालकों ने तो टीम के सामने ही तंदूर व भट्ठी बंद कर वहां से उठवा दी। इन होटलों व ढाबा संचालकों ने आगामी आदेशों तक गैस सिलेंडर प्रयोग करने का आश्वासन टीम को दिया है। अमर उजाला ने रविवार के संस्करण में ही धड़ल्ले से ढाबों व होटलों पर चल रहे तंदूरों से बढ़े प्रदूषण पर खबर प्रकाशित की थी। इसके तुुरंत बाद प्रशासनिक अमला सक्रिय हो गया और डीसी के निर्देश पर एसडीएम की ओर से गठित अधिकारियों की टीम ने तंदूरों व भट्ठियों का प्रयोग बंद कराने के लिए मौके पर भेजा
एनजीटी (नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल) के आदेशों पर अमल के लिए रविवार को छुट्टी के बावजूद जिला प्रशासन ने धरातल पर कार्रवाई के मूड में नजर आया। ज्ञात रहे कि शहर की आबोहवा इस समय बिगड़ी हुई है और दादरी जिले में प्रदूषण का स्तर 900 पार्टिक्ल मेटर तक दर्ज किया जा चुका है जोकि बेहद खतरनाक है। स्मॉग रूपी कोहरा छाने से जिले के बाशिंदे बीमारियों की चपेट में भी आ रहे हैं। 13 जिलों में स्थिति भयानक बनने से सरकार के आदेशों पर जिला प्रशासन क्रेशरों व बिना जिग-जैग संरचना वाले ईंट भट्ठों पर रोक लगाई थी। शहर व जिले के ढाबा या होटल संचालक हालात विकट बनने के बावजूद प्रदूषण की समस्या पर गंभीर नजर नहीं आए।
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ढाबों व होटलों पर भट्ठी या तंदूर के प्रयोग में कोयले या लकड़ी के गुटकें प्रयोग कर प्रदूषण की मात्रा को सरेआम बढ़ाया जा रहा था। इस लापरवाही पर जिला प्रशासन का ध्यान दिलाने के लिए अमर उजाला ने 12 नवंबर के संस्करण में ‘शहर में बढ़ रहा प्रदूषण, होटलों व ढाबों पर 800 किलोग्राम प्रतिदिन जल रहा कोयला’ नामक शीर्षक से खबर प्रकाशित की। इसके बाद जिला प्रशासन हरकत में आया और एनजीटी के आदेशों पर प्रशासनिक टीम कार्रवाई करने होटलों व ढाबों पर पहुंची। एसडीएम ओमप्रकाश देवराला ने सुबह करीब 10 बजे नायक तहसीलदार जगदीश चंद्र कौशिक की अगुवाई में एक टीम तैयार कर कार्रवाई के लिए भेजी। इस टीम ने शहर के करीब 37 होटलों पर करीब साढ़े तीन घंटे अभियान चलाया। नायब तहसीलदार ने होटल संचालकों को तंदूर व भट्ठी का प्रयोग बंद करने के निर्देश होटल संचालकों को दिए। वहीं, प्रशासनिक छापामारी से होटल संचालकों में हड़कंप मच गया और शहर के कुछ नामी होटल संचालक ताला जड़कर घर की ओर रवाना हो लिए। इस दौरान प्रशासनिक टीम की कार्रवाई के विरोध का भी प्रयास किया गया लेकिन अधिकारियों ने किसी की एक न सुनी।
डीसी के निर्देशों पर एसडीएम ने गठित की टीम, जारी रहेगी छापामारी
एसडीएम ओमप्रकाश देवराला ने अमर उजाला से बातचीत में बताया कि डीसी विजय कुमार सिद्प्पा के निर्देशों पर शहर में निगरानी रखने के लिए एक स्पेशल टीम गठित की गई है। उन्होंने बताया कि नायक तहसीलदार की अगुवाई में गठित टीम में पुलिस के कर्मचारी व तहसील स्टाफ शामिल है। उन्होंने बताया कि प्रशासन का छापामारी अभियान लगातार जारी रहेगा और अगर इस बार कोई ढाबा संचालक कोयला प्रयोग करता मिला तो उसका ढाबा सील करने के साथ संचालक पर मामला भी दर्ज करवाया जाएगा।
पुलिस बल सहित तहसील अधिकारियों ने खंगाले 37 होटल
टीम इंचार्ज नायब तहसीलदार जगदीशचंद्र ने बताया कि करीब साढ़े तीन घंटे रविवार को अभियान चलाया गया। पुलिस कर्मचारी एएसआई रमेश, नरेंद्र व जयवीर भी टीम का हिस्सा थे और इस टीम ने दादरी-भिवानी रोड, दादरी-महेंद्रगढ़ रोड, दादरी-रोहतक रोड व दादरी-बाढड़ा रोड पर शहर की सीमा के समीप स्थित 37 होटलों पर छापामारी की। टीम को लगभग सभी छोटे ढाबों व होटलों पर तंदूर मिला। कुछ संचालक लकड़ी के गुटकें तंदूर जलाने में प्रयोग कर रहे थे जिन्हें प्रशासनिक टीम ने इस बार चेतावनी देकर छोड़ दिया।
वर्जन::
नायब तहसीलदार की अगुवाई में टीम ने रविवार को होटलों व ढाबों पर छापामारी की। यह टीम मैंने डीसी साहब के आदेशों पर गठित की है और लगातार छापामारी जारी रहेगी। अगर कोई डीसी साहब के निर्देशों की अवहेलना करता पकड़ा गया तो उसके खिलाफ सख्त एक्शन प्रशासन लेगा।
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ओमप्रकाश देवराला, एसडीएम
वर्जन:
मैंने टीम सहित 35 से अधिक होटलों व ढाबों की जांच की। ज्यादातर में तदूर मिला और कुछ होटल संचालक गैस भट्ठी का प्रयोग करते मिले। तंदूर में लकड़ी का गुटका व कोयला न जलाने की चेतावनी दे दी है। हमारी छापामारी जारी रहेगी और इस बार अगर कोई निर्देशों को नजरअंदाज करता पकड़ा गया तो उसका प्रतिष्ठान सील करने के साथ-साथ एफआईआर भी दर्ज करवाएंगे।
जगदीश चंद्र कौशिक, नायब तहसीलदार
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