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मई तक जनता के लिए खोल दिया जाएगा रेलवे पुल

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महम रोड पर निर्माणाधीन रेलवे पुल का भाजपा नेता शमशेर खरकड़ा ने लिए जायजा
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अमर उजाला ब्यूरो
लाखनमाजरा।
दिल्ली-भठिंडा रेलवे लाइन पर लाखमाजरा महम रोड क्रासिंग पर निर्माणाधीन पुल मई तक जनता के लिए खोल दिया जाएगा। पीडब्ल्यूडी ने अपने हिस्से का पुल बना लिया है और अब रेलवे को अपने हिस्से का पुल बनाना ही बाकी है। महम चौबीसी के स्थानीय भाजपा नेता शमशेर खरकड़ा ने रविवार को महम लाखनमाजरा रोड पर पुल का निरीक्षण का निर्माण कार्य का जायजा लिया।
उन्होंने कहा कि रेलवे की ओर से निर्माण कार्य अगले सप्ताह से शुरू कर दिया जाएगा। रेलवे के चीफ इंजीनियर करण कपूर से इस संदर्भ में बात हुई है, जिसमें मई तक काम पूरा कर पुल को जनता के लिए खोल दिए जाने का आश्वासन दिया गया है। पुल की लागत 52.4 करोड़ रुपये है, जिसमें से 18 करोड़ पीडब्ल्यूडी और बाकी रेलवे खर्च कर रहा है। माना जा रहा है कि पुल बनने से महम लाखनमाजरा रोड पर लोगों को जाम से राहत मिलेगी।
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शमशेर खरकड़ा ने पूर्व सीएम और सांसद पर साधा निशाना
भाजपा नेता शमशेर खरकड़ा ने पूर्व सीएम भूपेंद्र सिंह हुड्डा, सांसद दीपेंद्र हुड्डा और विधायक आनंद सिंह दांगी पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि कांग्रेस अपने 10 वर्ष और भाजपा के तीन वर्ष के विकास की तुलना कर लें। अगर कांग्रेस का विकास जीता तो वह राजनीति से संयास ले लेंगे और भाजपा का विकास जीता तो पूर्व मुख्यमंत्री महम की जनता से माफी मांगे। उन्होंने कहा कि कांग्रेस के कार्यकाल में कभी महम शुगर मिल सही से नहीं चली। भाजपा सरकार आने के बाद से शुगर मिल में पिराई बढ़ी। नंबर-10 पर रहने वाली शुगर मिल आज राज्य में नंबर- 4 पर पहुंच गई है। अगले एक साल में टॉप-3 में शामिल हो जाएगी।

जल्द होगी रोहतक हांसी महम रेलवे लाइन
खरकड़ा ने कहा कि सीएम मनोहरलाल ने रोहतक हांसी महम रेलवे लाइन के लिए 350 करोड़ रुपये दिए हैं। राजा वाली गौहर के भी खैरड़ी मोड़ से किलाजफरगढ़ तक का टेंडर हो चुका है। इस दौरान उनके साथ लाखनमाजरा गांव के सरपंच प्रतिनिधि बलवान नम्बरदार, बलवान सरपंच, संजय उर्फ मंजे खेड़ी सरपंच, मंडल अध्यक्ष सतबीर भराण, श्रीभगवान, नवीन उप्पल, हरेंद्र मोखरा, अतर सिंह, प्रताप सरपंच, वीरेंद्र, बलबीर बेरवाल, बलजीत राव, रामनाथ कम्बोज, दलबीर सरपंच प्रतिनिधि आदि मौजूद रहे।

फोटो नंबर:1 महम लाखनमाजरा रोड़ पर रेलवे विभाग द्वारा तैयार किया जाने वाले पुल का हिस्सा।
फोटो नंबर:2 पीडब्लूडी द्वारा बनाए गए पुल व रोड़ का निरीक्षण करते शमशेर खरकड़ा।
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फरवरी से महम चौबीसी की सड़कों में नहीं रहेेंगे गड्ढे : एसडीओ
लाखनमाजरा। रेलवे पुल के निरीक्षण के दौरान पीडब्ल्यूडी विभाग के एसडीओ अनिल रोहिल्ला ने बताया कि महज में 42 सड़कों के निर्माण का टेंडर हो चुका है। इन पर एक फरवरी से काम शुरू हो जाएगा। महम सैमाण रोड पर काम शुरू हो गया था, लेकिन प्रदूषण विभाग ने मिक्सचर प्लांट बंद करवाए, जिससे काम रुक गया। फरवरी से इसका काम दोबारा शुरू होगा, जिसका टेंडर अब 23 लाख रुपये हो गया है। बैंसी से किलाजफरगढ़ रोड के निर्माण का एस्टिमेट भी शासन के पास भेज दिया गया है। बैंसी-खरैंटी रोड मार्केट कमेटी के अंतर्गत आता है, जिसकी जानकारी नहीं है।
फोटो नंबर:3 लाखनमाजरा में पीडब्लूडी एसडीओ अनिल रोहिल्ला को सड़कों की हालत पर जोर देते शमशेर खरकड़ा।
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चांदी गांव में मक्खियों की भरमार, लोग परेशान
महिलाएं नहीं बना पा रही खाना, कपडे़ और भोजन पर मक्खियां
अमर उजाला ब्यूरो
लाखनमाजरा।
खंड के रोहतक रोड स्थित लाखनमाजरा से केवल दो किलोमीटर की दूरी पर बसे चांदी गांव में इस वक्त मक्खियाें का प्रकोप है। मक्खियों के झुंड गांव में घुस आता है, जिससे गांव वासी परेशान हैं।
गांव वासियों का मानना है कि गांव के पास मुर्गी फार्मों की वजह से मक्खियां आ रहीं हैं। दिन में सबसे ज्यादा परेशानी होती है।
गांव वासियों दीपक, हिम्मत, बलजीत जाटान, रमेश, जसवंत, सुभाष, पूर्व सरपंच चंद्र सिंह, विजय ने बताया कि गांव में हर जगह मक्खियां हैं। गलियों, चौक चौराहों सहित घरों और रसाई तक में मक्खियाें से परेशानी है। इतनी ज्यादा परेशानी है कि महिलाएं खाना तक नहीं बना पाती हैं। मक्खियां रसोई में बर्तनों मे साथ ही आटे , साग-सब्जी सहित अन्य खाने के सामान पर बैठ जाती हैं। वहीं घर में रखे कूलर, पंखे, बाइक व अन्य सामान पर बैठ जाती हैं। महिलाएं कपडे़ तक नहीं धो सकती हैं। वाशिंग मशीन पर मक्खियां बैठ जाती हैं और कपडे़ बाहर निकालने पर उन पर बैठ कर काला कर देती हैं। महिलाएं कपडे़ बाहर नहीं सुखा पा रहीं हैं। खुले में सामान रह गए किसी भी सामन का प्रयोग नहीं किया जा सकता है।
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गांव वासियों ने बताया कि इस मामले में कई बार प्रशासन से गुहार लगा चुके हैं, लेकिन सुनवाई नहीं हो रही है। गर्मियों में मक्खियों की समस्या रहती है, लेकिन सर्दी में इनके आने से गांव वासी हैरत में हैं। गांव वासियों ने इससे निजात के दिलाने के लिए फिर से प्रशासन से अपील की है।

फोटो नंबर:4 बर्तन में रखे दूध में पड़ी मक्खियां।
फोटो नंबर:5 रसोई में मक्खियों का कब्जा।
फोटो नंबर:6 बाथरूम में तौलिए पर बैठी मक्खी।
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