धनतेरस पर जीएसटी की मार, 50 फीसदी तक प्रभावित कारोबार
चरखी दादरी।
कपड़ा व पेंट मार्केट के बाद जीएसटी का असर बर्तन, वाहन व सर्राफा मार्केट पर दिखाई दे रहा है। इन व्यवसायों के जानकारों का तर्क है कि धनतेरस पर पिछले साल के मुकाबले इस बार व्यापार पर गहरा असर पड़ा है। पिछली धनतेरस के मुकाबले चौपहिया वाहनों पर 70 प्रतिशत, दोपहिया वाहनों पर 50 प्रतिशत, बर्तन कारोबार पर 80 प्रतिशत व सर्राफा मार्केट का 60 प्रतिशत कम का कारोबार हो रहा है। हालांकि जीएसटी लगने के बाद कुछ चीजों के दामों में कोई ज्यादा बढ़ोतरी नहीं हुई है। सभी व्यापारियों को धनतेरस पर ही व्यापार अधिक होने की उम्मीद होती है लेकिन पिछले साल के मुकाबले इस बार कम कारोबार की उम्मीद व्यापारियों को है।
डेढ़ करोड़ से 50 लाख पर आया कारोबार
जीएसटी लगने के बाद गाड़ियों के दामों में कोई फर्क नहीं पड़ा है। पिछले साल धनतेरस पर करीब 35 गाड़ियों की सेल हुई थी लेकिन इस यह आंकड़ा केवल 20 पर आकर रूक गया है। जीएसटी के कारण डेढ़ करोड़ का कारोबार घट कर इस बार केवल 50 लाख तक ही रह गया है। जीएसटी के कारण ग्राहकों में गाड़ियां खरीदने की इच्छा कम हो गई है। धनतेरस पर ही कारोबार की अधिक उम्मीद होती है लेकिन इस बार सारी उम्मीदों पर पानी फिर गया।
भगत सिंह, मैनेजर मारुति आउटलेट
बाइकों की घटी बिक्री, एलईडी लाइट लगी बाइक की डिमांड
पिछले साल हमने 200 के करीब बाइक की सेल की थी लेकिन इस बार धनतेरस पर अब तक 125 बाइक की सेल हुई है। जीएसटी के कारण बाइक की सेल पर 50 प्रतिशत का फर्क पड़ा है। पिछली बार धनतेरस पर एक करोड़ 35 लाख की बाइक की सेल की थी इस बार जीएसटी लगने के बाद बाइक की सेल पर गहरा असर पड़ेगा। फिलहाल एलईडी बाइक की बाजार में अधिक डिमांड है। जीएसटी के कारण बाइकों के दामों में कोई असर नहीं पड़ा है।
अजय, मैनेजर बजाज आउटलेट
12 प्रतिशत जीएसटी दरों का बर्तन मार्केट पर पड़ रहा असर
बर्तनों पर पहले जीएसटी नहीं लग रही थी जिसके कारण पिछली बार धनतेरस पर ढाई लाख तक का करोबार किया था लेकिन इस बार बर्तनों पर 12 प्रतिशत जीएसटी लगने के कारण गहरा असर पड़ा था। कारोबार बिल्कुल मंदा है। दुकानदार सुबह दुकान पर आते हैं व शाम को खाली हाथ वापस घर चले जाते हैं। धनतेरस पर ही अधिक कारोबार की उम्मीद होती है। जीएसटी लगने के कारण ग्राहक की जेब पर सीधा असर पड़ रहा है।
राकेश, बर्तन व्यापारी
जीएसटी की दरें दो प्रतिशत बढ़ी, सर्राफा बाजार का कारोबार हुआ कम
पिछले साल के मुकाबले इस बार जीएसटी लगने के कारण कारोबार में मंदी देखने को मिल रही है। पहले सोने व चांदी पर एक प्रतिशत तक जीएसटी लगती थी जोकि बढ़ कर अब तीन प्रतिशत हो गई है। जीएसटी लगने के बाद सर्राफा बाजार के कारोबार में कोई बढ़ोतरी नहीं हो पाई है। धनतेरस पर चांदी के सिक्के व मूर्तियां की अधिक डिमांड रहती है।
मुकुल वर्मा, स्वर्णकार दुकानदार