जीएसटी : गुपचुप कपड़े बेचने पर हुई तीखी नोंक-झोंक
भिवानी। जीएसटी के विरोध में लगातार दूसरे दिन कपड़ा मार्केट में सन्नाटा पसरा रहा। कुछ दुकानदारों ने गुपचुप दुकान खोलकर सामान बेचने की कोशिश की तो जमकर हंगामा हुआ। दुकान खोलने का आंदोलनकारी दुकानदारों ने विरोध किया। विरोध के चलते कुछ लोग कपड़ा खरीदने आए लोगों के चप्पल, सैंडिल भी उठा ले गए। दो जुलाई को शादी मुहूर्त है और मार्केट में कपड़े, साड़ी नहीं मिलने से लोग परेशान हैं। लगातार दूसरे दिन मार्केट बंद होने से करीब 30 करोड़ का कारोबार प्रभावित हुआ।
जीएसटी के विरोध में बुधवार को लगातार दूसरे दिन कपड़ा मार्केट के दुकानदारों ने बिचला बाजार में एकत्रित होकर रोष जताया। इसके बाद विभिन्न मार्केट में जुलूस निकाल खुली दुकानों को बंद करवाया और जीएसटी का विरोध किया। दो जुलाई के शादी मुहूर्त को देखते हुए लोगों की भीड़ खरीददारी करने उमड़ी। इस पर कुछ दुकानदारों ने अपनी दुकानें खोलने का प्रयास किया जिस पर हंगामा हुआ। आंदोलन कर रहे व्यापारी दुकानें बंद कराने पहुंचे तो तीखी नोंक-झोंक हुई। हाथापाई तक की नौबत आई लेकिन कुछ दुकानदारों के समझाने पर विवाद टला और दुकानें बंद करवाई गई। यह सिलसिला लगभग दिनभर चला। हड़ताल के चलते कपड़ा मार्केट, बिचला बाजार मार्केट, भगत सिंह मार्केट के अलावा पतराम गेट, सराय चौपटा, कृष्णा कॉलोनी, दादरी गेट आदि सभी जगह दुकानें बंद रही।
धरने-प्रदर्शन में भानुप्रकाश, जेपी कौशिक, प्रवीण कुमार, संदीप कुमार, किशनलाल जैन, विकास अरोड़ा, शंकर डालमिया, प्रवीण नारंग, सतपाल मखीजा, अनिल सरदाना, सचिन, मनोज, नंदकिशोर, रमेश जैन, चेतराम, बालाराम, भूषण कुमार, नरेश मखीजा, विनोद कुमार गोयल, संजय मंगला, सोनू केडिया, अनिल कुमार, हरीश, विनोद कुमार, गीगराज जैन, रितेश मित्तल, किशनलाल, प्रकाश, मोहनलाल भृगु, प्रमोद पूनी वाला, रवि सूट वाला, शिव कुमार साड़ीवाला, रमेश तायल वाला, राकेश कुमार, मा. अजीत, हरिकिशन, अशोक शर्मा आदि शामिल हुए।
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दुकान में बंद किए ग्राहक और दुकानदार
महाबीर घाटी कपड़ा मार्केट में बंद के बीच दो दुकानदार शटर बंद कर अंदर ग्राहकों को कपड़े व साड़ियां दिखा रहे थे। अन्य दुकानदारों को जब इसका पता लगा तो एक दुकान के बाहर से ही ताला लगा दिया। जिस पर काफी हंगामा हुआ और तीखी नोंक-झोंक हुई। बिचला बाजार चौक के पास ही एक दुकानदार दुकान बंद कर अंदर ग्राहकों को साड़ियां दिखा रहा था। यहां भी हंगामा हुआ और आंदोलनकारियों के साथ तीखी नोंक-झोंक हुई। यहां से आंदोलनकारी ग्राहकों के चप्पल-सैंडिल ही उठा ले गए। इस कारण ग्राहक के रूप में पहुंची चार-पांच महिलाएं काफी देर तक बिना चप्पलों के ही सड़क किनारे तक पहुंची। बाद में उन्हें चप्पल लाकर दी गई।
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दो को शादी और कपड़े मिल नहीं रहे, कहां जाए
दो जुलाई को शादी का मुहूर्त है और कपड़ा मार्केट बंद है। ऐसे में कपड़े खरीदने पहुंच रहे लोग परेशान है। चिंता है कि कैसे शादी समारोह के लिए कपड़े कैसे खरीदे जाएं। जूई से कपड़े खरीदने पहुंचे बिजेंद्र, रोशनलाल ने बताया कि दो जुलाई को भांजे की शादी है और यहां मार्केट बंद है। कपड़े नहीं मिल रहे हैं, अब क्या करें कुछ समझ नहीं आ रहा। बैंक कॉलोनी निवासी महिला बिमला ने बताया कि भात की चुंदड़ी खरीदने आई थी लेकिन मार्केट बंद होने के कारण अब खाली हाथ ही लौटना पड़ेगा।
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भाई साहब, पांच साड़ी दिलवा दो, इज्जत बच जाएगी
भाई साहब, दो जुलाई को शादी है। बेशक पांच साड़ी दिलवा दो ताकि शादी में इज्जत बच जाए। इस तरह के फोन कपड़ा मार्केट के दुकानदारों, मार्केट पदाधिकारियों के पास आ रहे है। कपड़ा व्यापारी भी असमंजस में है कि कैसे क्या करें। कुछ ग्राहक तो पहले की खरीद का हवाला दे रहे है। दुकानदारों ने बताया कि कुछ ग्राहक तो धमकी तक दे रहे है कि अब अगर कपड़े और सामान नहीं दोगे तो आगे से नहीं खरीदेंगे।
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एक साल में 37 रिटर्न भरने का कोई तुक नहीं
30 जून को भारत बंद को सफल बनाने के लिए व्यापारियों, दुकानदारों की बैठक हुई। बैठक में अखिल भारतीय उद्योग व्यापार मंडल व हरियाणा व्यापार मंडल के के जिला प्रधान भानुप्रकाश शर्मा, भग्गनपुरी मार्केट प्रधान किशनलाल जैन ने कहा कि 30 जून तक का स्टॉक बचा हुआ है, उसकी लिस्ट व्यापारियों को 60 दिन के अंदर-अंदर सरकारी विभाग में ऑनलाइन जमा करवानी होगी। लेकिन स्टॉक भरने का फार्म बहुत जटिल है। व्यापारियों का जो स्टॉक है, उसका वैट कर व एक्साइज ड्यूटी दे रखा है। व्यापारी व उद्योगपति एक साल में वैट कर के तहत चार रिटर्न भरता था लेकिन अब एक साल में 37 रिटर्न अलग-अलग आइटम कि डिटेल वाइज भरने का कानून गलत हैं। जीएसटी में सुधार की मांग की थी, मगर नहीं की। अब 30 जून को सांकेतिक व्यापार बंद किया जाएगा।
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हड़ताल पूरी तरह सफल रही। पहली बार दुकानदारों ने इतनी एकता दिखाई है। हमारी मांग है कि या तो कपड़ों से जीएसटी हटाई जाए या फिर सरलीकरण किया जाए। कपड़ा व्यापारी 30 जून के भारत बंद में भाग लेगा।
गिगराज जैन, प्रधान
भिवानी क्लॉथ मर्चेंट एसोसिएशन