हरियाणा सरकार के रोडवेज कर्मचारियों की 20 से 23 जनवरी और अन्य कर्मचारियों द्वारा 21 से 23 जनवरी तक की प्रस्तावित हड़ताल पर सख्ती हो गई है। मुख्य सचिव एससी चौधरी, गृह सचिव पीके गुप्ता, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव एसएस ढिल्लों और डॉ. केके खंडेलवाल, एडीजीपी सीआईडी एके ढुल, एडीजीपी कानून व्यवस्था केके शर्मा, जनस्वास्थ्य विभाग के प्रधान सचिव, बिजली विभाग के प्रधान सचिव देवेंद्र सिंह ने शुक्रवार शाम सब जिला उपायुक्तों और पुलिस अधीक्षकों, निगम आयुक्तों, पुलिस आयुक्तों से वीडियो कान्फ्रेंसिंग कर उन्हें बिजली, पानी, स्वास्थ्य और परिवहन सेवाएं जारी रखने के लिए आपात प्रबंध करने के के निर्देश दिए। इसके साथ ही चौधरी और ढिल्लों ने कर्मचारी संगठनों से अपील की है कि वे हड़ताल वापस ले लें।
एससी चौधरी ने अमर उजाला को बताया कि कर्मचारियों के साथ काम नहीं तो वेतन नहीं का फार्मूला अपनाया जाएगा। किसी भी कर्मचारी की हड़ताल के दिनों में छुट्टी नहीं दी जाएगी। जो कर्मचारी अनुपस्थित होगा उसकी गैरहाजिरी की रिपोर्ट रोजाना मुख्यालय भेजनी होगी। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों की जायज मांगें मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने पहले ही मान ली हैं। अब उनकी जायज मांग लंबित नहीं है।
फिलहाल एस्मा नहीं लगाया गया है मगर इस पर विचार हो रहा है। उन्होंने कहा कि सब उपायुक्तों से कहा है कि वे प्रबंध करें और आवश्यक सेवाएं प्रभावित न हों। इसके लिए प्राइवेट ठेकेदारों से संपर्क बनाएं। हड़ताल के दौरान हेल्पलाइन नंबर जारी करें। जो कर्मचारी ड्यूटी पर पहुंचना चाहें उन्हें कोई रोक न पाए। प्रधान सचिव एसएस ढिल्लों ने निर्देश दिए कि संवेदनशील क्षेत्रों में धारा 144 लगाई जाए और पुलिस गश्त करे। उन्होंने उपायुक्तों को निर्देश दिए कि 19 जनवरी की शाम रोडवेज बसें पुलिस लाइनों और पुलिस थानों में ड्राइवर और कंडक्टर समेत खड़ी करवाएं। गृह सचिव पीके गुप्ता ने कहा एसपी और आईजी, पुलिस आयुक्त जिला प्रशासन के साथ संपर्क बनाए रखें। वे मुख्यालय से जुड़े रहें और गड़बड़ी न होने दें।
ये दिए निर्देश
किसी भी सूरत में रोडवेज डिपो में ताला न लगने पाए।
हड़ताल के दौरान वीडियोग्राफी करवाई जाए।
जलापूर्ति, पेयजल, बस अड्डे और बिजली स्टेशनों पर पुलिस तैनात करें।
21, 22, 23 जनवरी को उपायुक्त हड़ताल में हर रोज तीन बार हाजिरी सुनिश्चित करें।
ड्यूटी मजिस्ट्रेट हाजिरी रजिस्टर चेक करें और रिपोर्ट मुख्यालय भेजें।
गड़बड़ी करने वाले बिजली कर्मियों के खिलाफ फौरन एफआईआर दर्ज होगी।
सब बसें 19 जनवरी की शाम पुलिस लाइन, थानों में चालक, परिचालक समेत खड़ी करवाएं
20 जनवरी की शाम 5 बजे सब स्टेशनों पर पुलिस तैनात कर दी जाए।
रोडवेज महाप्रबंधकों ने स्टे आर्डर लिए : जोवल
परिवहन विभाग के प्रधान सचिव आरआर जोवल ने बताया कि रोडवेज महाप्रबंधकों ने अदालत से स्टे आर्डर ले लिए हैं। किसी भी कर्मचारी की ड्यूटी बस अड्डे या बस स्टाप पर न ले। कर्मचारियों की ड्यूटी बसों पर ही लगाई जाए। नए चालकों की सूची जारी कर दी गई है। उन्हें ड्यूटी पर बुलाया जा रहा है। स्थानीय चालकों की एजेंसी से संपर्क साधें और आपात योजना तैयार करें। सार्वजनिक संपत्ति का नुकसान पहुंचाने वालों के साथ सख्ती से निपटा जाए। अन्य राज्यों से संपर्क करें और उनकी बसों के दौरें लगवाएं। प्राइवेट बसों को परमिट जारी कर लंबे रूट पर चलवाएं।
सरकार से टकराने को तैयार : तालमेल समिति
हरियाणा कर्मचारी तालमेल समिति के सदस्य सुभाष लांबा ने कहा कि कर्मचारी संगठन सरकार से टकराने को तैयार हैं। सरकार न तो एक लाख कच्चे कर्मचारियों को पक्का कर रही है और न ही वेतन विसंगति दूर कर रही है। सरकार की दमनकारी नीति के आगे कर्मचारी नहीं झुकेंगे। रोडवेज तालमेल समिति के सदस्य सरबत पूनिया ने कहा कि 20 से 23 जनवरी तक चार दिन रोडवेज बसों का चक्का जाम रहेगा। अगर प्राइवेट बस परमिट नीति रद्द नहीं की और कर्मचारियों को पक्का नहीं किया तो अनिश्चितकालीन चक्का जाम हो सकता है।