जींद। खरकरामजी गांव के निराकार ज्योति मंदिर के मंहत सुखबीर दास को धमकी देकर लाखों रुपये की चौथ मांगने को लेकर बुधवार को पूर्व सरपंच बराह कलां राजाराम की अध्यक्षता में पंचायत हुई। पंचायत ने महंत की सुरक्षा में युवाओं की ड्यूटी लगाने का निर्णय लिया, जो मंदिर के महंत को पुलिस के साथ सुरक्षा देंगे।
पंचायत ने निर्णय लिया कि वह मंदिर के महंत के साथ है। आरोपियों को पकड़ने के लिए पुलिस पर भी दबाव बनाया जाएगा। पंचायत में महंत सुखबीर दास ने बताया कि लगभग 20 दिन पहले बिटाना निवासी सचिन अपने लगभग डेढ़ दर्जन साथियों समेत निराकार मंदिर में आया था और रुपयों की सख्त जरूरत बताते हुए 20 लाख रुपये देने की मांग की थी। इस पर उसने रुपये न होने की बात कही थी। गत 13 मार्च को सचिन बिटाना ने उसके फोन पर व्हाट्सअप कॉल पर धमकी देकर 20 लाख रुपये की मांग की और न देने पर बुरा अंजाम भुगतने की धमकी दी थी। उन्होंने कहा कि पुलिस प्रशासन पूरा सहयोग कर रहा है और पुलिस सुरक्षा उपलब्ध करवा दी गई है।
गांव ईक्कस के पूर्व सरपंच व ढुल खाप प्रधान ने कहा कि महंत को घबराने की जरूरत नहीं है। श्रद्धालु व पंचायत महंत के साथ खड़ी हुई है। जितनी साध संगत डेरे से जुड़ी हुई है, सभी महंत के साथ है। हरियाणा रोडवेज के पूर्व प्रधान आजाद मलिक ने कहा कि की मंदिर से सभी लोग आत्मा के साथ जुड़े हुए हैं। धमकी मंदिर के महंत को नही बल्कि हर अमन चैन वाले व्यक्ति को दी गई है, इसे किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। धमकी देने वाले बदमाश की जल्द गिरफ्तारी हो, इसके लिए वह प्रशासन पर दबाव बनाएंगे। सिंध्वीखेड़ा निवासी सुखबीर कटारिया ने कहा कि महंत को धमकी देने से घिनौना अपराध और क्या हो सकता है। जो हमारे संत महात्मा को ललकार रहा है, इसे कतई सहन नहीं किया जाएगा।
मंदिर के इर्द-गिर्द पांचों गांवों से पांच-पांच नौजवान लड़कों की यहां पर ड्यूटी लगाई जाएगी। जब तक अपराधी गिरफ्तार नहीं होता, महंत सुखबीर दास को किसी प्रकार की आंच नहीं आने दी जाएगी। गांव चाबरी के पूर्व सरपंच कृष्ण ने कहा कि निराकार मंदिर से हमारी बहुत गहरी आस्था है। यह धमकी केवल महंत को नहीं है बल्कि मंदिर से जुड़ी संगत तथा आसपास के ग्रामीणों को दी गई है। अगर उनके पास आधी रात को भी महंत सुखबीर दास का संदेश आएगा तो वह मंदिर में हाजिर मिलेंगे। इस अवसर पर राजवीर कटारिया सिंध्वीखेड़ा, राजा पूर्व सरपंच बराहकलां, पाला बराहखुर्द, हरपाल ईक्कस ढुल खाप प्रधान, सुरेश ढांडा, अजमेर ढांडा, रामकेश गोयत खरकरामजी, सुमेर चाबरी, राजवीर पहलवान, सतबीर चाबरी आदि मौजूद रहे।