हरियाणा पंचायती राज के 5वें आम चुनाव के तहत रेवाड़ी व बावल के पीठासीन व सहायक पीठासीन अधिकारियों की चुनावी रिहर्सल हुई। इसमें उपायुक्त डॉ यश गर्ग ने कर्मचारियों को चेताया कि पोलिंग पार्टियों की शराब पीने की शिकायत नहीं आनी चाहिए। अक्सर चुनावी ड्यूटी पर गई पार्टियों के रात को वहां शराब पीने की शिकायतें आती रहती हैं। यदि किसी की शिकायत हुई और जांच में पुष्टि हुई तो संबंधित कर्मचारी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
बाल भवन में आयोजित रिहर्सल में उपायुक्त डा गर्ग ने कहा कि 10 जनवरी को खंड बावल व रेवाडी में होने वाले प्रथम चरण के चुनाव के लिए ड्यूटी पर तैनात किए गए अधिकारी व कर्मचारी चुनाव के दौरान अपनी कार्य प्रणाली निष्पक्ष व पारदर्शी रखें तथा छोटी से छोटी गतिविधियों पर अपनी नजर बनाए रखें, किसी भी उम्मीदवार के दबाव में ना आएं।
ईवीएम व चुनाव प्रक्रिया से संबंधित किसी भी प्रकार की परेशानी आती है तो आप बेझिझक उस बारे में बताएं ताकि परेशानी का समाधान किया जा सके। उन्होंने कहा कि रिहर्सल में चुनाव प्रक्रिया की अच्छी तरह से जानकारी लेते हुए इसकी बारीकियों को समझें।
मतदान प्रक्रिया शुरू होने से तथा पूरी होने उपरांत सभी औपचारिकताएं पूरी करने पर ही मतदान केंद्र से जाएं और उसकी रिपोर्ट दें। सभी पोलिंग पार्टियां मॉकपोल अवश्य करें तथा पीओ अपनी पार्टियों को पूरी हिदायतें देकर मतदान प्रक्रिया शुरू करें तथा सेक्टर मजिस्ट्रेट, सुपरवाइजर पूरी मतदान प्रक्रिया पर नजर रखें तथा सभी बूथों को चैक करें।
उपायुक्त ने कहा कि अगर किसी प्रकार की कोताही बरती गई तो संबंधित कर्मचारी को भी मामले में पार्टी बनाया जाएगा। उन्होंने कहा कि छोटी सी चूक पूरी चुनाव प्रक्रिया पर सवालिया निशान लगा सकती है। इस अवसर पर अतिरिक्त उपायुक्त एवं एआरओ डॉ. प्रियंका सोनी, एसडीएम रेवाड़ी कैप्टन मनोज कुमार, जिला राजस्व अधिकारी पीडी शर्मा, बीडीपीओ जाटूसाना जानकी प्रसाद, एससीपीओ देशबंधु व कोसली के नायब तहसीलदार लीलु राम सहित चुनाव प्रक्रिया से जुडे़ अधिकारी उपस्थित थे।
पंच-सरपंच की मतगणना मौके पर होगी
उपायुक्त डॉ गर्ग ने कहा कि पंच व सरपंच के चुनाव की मतगणना मौके पर होगी, जबकि बाकी मतगणना का कार्य राजकीय कालेज में होगा। जिला विकास एवं पंचायत अधिकारी डा. एसी कौशिक ने ईवीएम व चुनाव प्रक्रिया से जुडी जानकारियों से एपीओ व पीओ को अवगत कराया।
उन्होंने कहा कि वे चुनाव आयोग द्वारा दी गई हैंडबुक ध्यान से पढें और यदि बुक में किसी विषय पर संशय हो तो उसे पूछकर सुलझा लें। पोलिंग पार्टियों को चाहिए कि वे ईवीएम मशीन के संचालन के बारे में पूर्ण जानकारी हासिल करें तथा पोलिंग के लिए दिए जाने वाले सामान का चैक लिस्ट से अच्छी तरह मिलान कर लें। इसके साथ-साथ यह भी सुनिश्चित करें कि कहीं ईवीएम मशीन की सील खुली हुई तो नहीं है।