कोसली। स्थानीय उपमंडल स्तरीय पशु अस्पताल को तीन दशक बाद भी अपना भवन नहीं मिल सका है। वर्तमान में पशु अस्पताल जर्जर भवन में चल रहा है जिसके आधे हिस्से में कार्यालय चलता है। कर्मचारियों को जर्जर भवन में भयभीत होकर काम करना पड़ता है। इसके अलावा कर्मचारियों की कमी से भी पशुओं की चिकित्सा प्रभावित हो रही है।
क्षेत्र के एक दर्जन से अधिक गांवों के पशुओं का इलाज उपमंडलस्तरीय पशु अस्पताल पर निर्भर है। यह अस्पताल भेड़-बकरी पालन केंद्र के लिए बने पुराने भवन में संचालित हो रहा है जो बिल्कुल जर्जर हो चुका है। भवन की जर्जर स्थिति और स्टाफ की कमी के कारण पशुपालकों को पर्याप्त सुविधाएं नहीं मिल पा रही हैं।
करीब 30 वर्ष पहले बने पुराने भवन के एक हिस्से को एसडीओ कार्यालय के लिए उपयोग में लिया जा रहा है। इससे पहले से ही सीमित स्थान में संचालित अस्पताल और अधिक संकुचित हो गया। वर्तमान में चिकित्सकों को भवन के आधे हिस्से में बैठकर पशुओं का उपचार करना पड़ रहा है।
करीब तीन एकड़ क्षेत्र में बने भेड़-बकरी पालन केंद्र परिसर में संचालित इस अस्पताल की स्थिति बिगड़ती जा रही है। परिसर के एक हिस्से पर लोगों ने पशु चारा डालकर कब्जा कर रखा है। वहीं मुख्य प्रवेश द्वार टूटने के कारण छुट्टा पशु परिसर में प्रवेश कर जाते हैं जिससे यहां लगाए गए पेड़-पौधों को भी नुकसान पहुंच रहा है। लोगों का कहना है कि उपमंडल स्तर के अस्पताल में अपेक्षित सुविधाएं और स्टाफ उपलब्ध नहीं हैं।
अस्पताल भवन के निर्माण के लिए विभाग को प्रस्ताव भेजा
पशुपालन विभाग के एसडीओ डॉ. राजबीर सिंह ने बताया कि वर्तमान भवन भेड़-बकरी पालन केंद्र का है और इसकी हालत काफी खराब हो चुकी है। नए अस्पताल भवन के निर्माण के लिए विभाग को प्रस्ताव भेजा गया है लेकिन अभी तक इस दिशा में कोई ठोस प्रगति नहीं हो पाई है। उन्होंने उम्मीद जताई कि विभागीय स्वीकृति मिलने के बाद नए भवन का निर्माण कराया जाएगा, जिससे क्षेत्र के पशुपालकों को बेहतर सुविधाएं मिल सकेंगी
अस्पताल पिछले कई वर्षों से जर्जर भवन में चल रहा है और इसका अपना भवन तक नहीं है। कोई सुविधा नहीं है।-सूरत सिंह
जब अस्पताल के लिए भवन निर्माण तक नहीं हो पा रहा तो आधुनिक सुविधाओं और पशुओं में फैलने वाली नई बीमारियों से निपटने की व्यवस्था की कल्पना करना मुश्किल है।-रवि कुमार
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कोसली पशु अस्पताल में सभी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध होनी चाहिए ताकि पशुपालकों को समय पर उपचार मिल सके और उन्हें अपने बीमार पशुओं को दूर नहीं ले जाना पड़े। -सुनील कुमार
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उपमंडल स्तरीय अस्पताल का भवन आधुनिक सुविधाओं से युक्त होना चाहिए ताकि उपचार के दौरान किसी प्रकार की परेशानी न आए। मगर समस्या ठीक नहीं हो रही है। -पेश कुमार शर्मा
सुरत सिंह
सुरत सिंह
सुरत सिंह
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