तीन कृषि कानूनों के विरोध में दिल्ली-जयपुर हाईवे स्थित खेड़ा बॉर्डर पर चल रहे किसानों के आंदोलन के बीच लोगों का आना-जाना जारी है। आंदोलन के 79वें दिन राजस्थान के हनुमानगढ़ व श्रीगंगानगर जिले के काफी गांवों से किसानों के जत्थे बॉर्डर पर पहुंचे। इतना ही नहीं किसान अपने साथ राशन और ठहरने का सामान भी लेकर पहुंचे। बता दें कि हाईवे पर राजस्थान, हरियाणा व महाराष्ट्र सहित विभिन्न राज्यों के किसान 13 दिसंबर से धरना दे रहे हैं। यहां रोजाना सैकड़ों किसान पहुंच रहे हैं।
दूध की बिक्री का नहीं किया बहिष्कार
आमसभा को संबोधित करते हुए किसानों ने कहा कि वह संयुक्त किसान मोर्चा की तरफ से किए जाने वाले आह्वान के इंतजार में हैं। सोशल मीडिया पर आंदोलन को लेकर फैलाई जा रही भ्रामक घोषणाओं को लेकर स्पष्टीकरण देते हुए कहा है कि संयुक्त किसान मोर्चा स्पष्ट करता है कि किसानों द्वारा 1-5 मार्च के बीच दूध की बिक्री का बहिष्कार और 6 तारीख से दूध की कीमत 100 रुपये प्रति लीटर करने संबंधी कोई आह्वान नहीं किया है।
अफवाहों पर लोग न दें ध्यान
किसान नेताओं ने कहा कि संयुक्त किसान मोर्चा खेड़ा बॉर्डर ने राजस्थान में आगामी किसान महापंचायतों का कार्यक्रम जारी किया है, जिसमें चौधरी राकेश टिकैत सहित संयुक्त किसान मोर्चा के अन्य प्रमुख नेता शामिल होंगे। इस मौके पर राजाराम मील, बलबीर छिल्लर, रणजीत राजू, भूपेंद्र सिंह, काला, हरनाथ सिंह बुट्टर, पाल सिंह, मा. उमराव सिंह, सुरेंद्र कुमार व अन्य लोग मौजूद रहे।