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रेवाड़ी: ट्राला के नीचे घुसी कार, कई वाहन टकराए, हाईवे पर लगा जाम

Sat, 18 Feb 2023 06:20 PM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
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हाईवे पर पलटा हुआ कंटेनर। संवाद
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रेवाड़ी। दिल्ली-जयुपर हाईवे नंबर-48 पर शॉर्टकट अपनाने के चक्कर में वीरवार रात को एक पेट्रोल पंप के समीप अवैध कट से होकर एक तेज रफ्तार ट्राला के नीचे एक कार घुस गई। अचानक ब्रेक लगाने से ट्राला के पीछे आ रहे चार अन्य वाहन भी टक्करा गए। हादसें के बाद हाईवे पर करीब एक किलोमीटर लंबा जाम लग गया। गनीमत यह रही हादसें में जानमाल का नुकसान नहीं हुआ। ट्राला में सवार चाचा-भतीजा सहित पांच लोग घायल हो गए। सूचना के बाद माडल टाउन थाना पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। पुलिस ने कड़ी मशक्कत के बाद यातायात को सुचारू कराया। जबकि घायलों को उपचार के लिए प्राइवेट अस्पतालों में भर्ती कराया है।
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दिल्ली-जयपुर हाईवे स्थित आसलवास गांव के समीप एक पेट्रोल पंप के समीप बनाए गए अवैध कट से शाॅर्टकट अपनाने के प्रयास में एक तेज रफ्तार ट्राला के नीचे दिल्ली की ओर से आ रही एक कार घुस गई। हादसें में कार सवार कुतुबपुर निवासी लक्ष्मीनारायण व उसका भतीजा बावल की ओर से रेवाड़ी की ओर जा रहे थे। इसी दौरान एक पेट्रोल पंप के सामन बनाए गए अवैध कट में एक तेज रफ्तार ट्राला रोड पर चढ़ गया, जिससे कार ट्राला के नीचे घुस गई। इसके बाद ट्राला के पीछे आ रहे चार अन्य ट्रकों की भी भिडंत हो गई। जिससे वहां करीब एक किलोमीटर लंबा जाम लग गया। सूचना के बाद पुलिस व आसपास के लोगों ने कार सवार चाचा-भतीजा को बाहर निकालकर अस्पताल पहुंचाया। पुलिस ने कड़ी मशक्कत के बाद यातायात सुचारू कराया। पुलिस ने ट्राला चालक के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है।

अवैध कटों से शार्टकट के प्रयास में लोग गंवा रहे जान
हाईवे पर जिला के खेड़ा बैरियर से कापड़ीवास गांव के बीच 40 किलोमीटर के अंतराल में 150 से ज्यादा अवैध कट बना लिए गए हैं। इन कटों पर जब लोग रोड क्रॉस करते हैं तो जान पर खतरा मंडराता रहता है। अवैध रूप से बनाए गए इन मौत के कटों पर पिछले एक माह के दौरान आधा दर्जन व्यक्ति अकाल मौत का शिकार बन चुके हैं, लेकिन नेशनल हाईवे एथाॅरिटी ऑफ इंडिया (एनएचएआई) मामले को लेकर कतई गंभीर नहीं है। पुलिस भी हाईवे तोड़कर फांद रहे दोपहिया वाहन चालकों की तमाशबीन बनी हुई है। हालांकि जिला प्रशासन की ओर से एनएचएआई को इस संबंध में पत्र लिखा है। जिले में हाईवे पर बने कटों के चलते हर साल औसतन 250 से ज्यादा लोगों की मौत होती है, जबकि 350 से अधिक लोग घायल होते हैं। वहीं दूसरी ओर प्रशासन की ओर से प्रत्येक माह सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में कटों को खत्म करने और गड्ढों को भरने के आदेश दिए जाते हैं, लेकिन एनएचएआई के अधिकारी पर ध्यान तक नहीं देते हैं। इसे लेकर डीसी कई बार निर्देश दे चुके हैं।
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यहां बने हैं सबसे ज्यादा अवैैध कट
हाईवे पर जयसिंहपुर खेड़ा बार्डर से कापड़ीवास गांव तक 150 स्थानों पर नेशनल हाईवे को काटकर अवैध रास्ते बनाए गए हैं। यह रास्ते लंबे समय से चले आ रहे हैं, जो नियमों का उल्लंघन है, लेकिन इस ओर एनएसएआई ने कभी ध्यान ही नहीं दिया। अवैध कटों में बनीपुर चौक, नैचाना कट, सांजरपुर के समीप, ओढ़ी कट, जयसिंहपुर खेड़ा बार्डर, आसलवास गांव के समीप, काठूवास के समीप, संगवाड़ी के समीप, एनएच 71 के कट के समीप, साहबी पुल, खरखड़ा कट, मालपुरा के समीप व कापड़ीवास सहित बड़ी संख्या में छोटे व बड़े कट शामिल हैं।

अपनी सुविधा अनुसार बनाते हैं लोग कट
हाईवे पर पेट्रोल पंप, होटल-रेस्टोरेंट व ढाबे खोले गए हैं। इसके चलते सभी लोगों ने अपनी सुविधा के लिए हाईवे पर अवैध कट बना रखे हैं। इसके चलते हाईवे के पास के ग्रामीण और वाहन चालक इन कटों का इस्तेमाल करते हैं। इस दौरान अक्सर हादसे होते हैं। इसको लेकर डीसी ने इसी माह में अधिकारियों के साथ एक बैठक भी की थी। इसमें उन्होंने अवैध कटों को बंद करने के आदेश जारी किए गए थे, लेकिन आज तक एक भी कट बंद नहीं किया गया।पिछले चार साल में यहां हुए हादसे
सड़क दुर्घटनाओं में वर्ष 2019 में 371 लोग घायल हुए, 212 की मृत्यु हो गई। वर्ष 2020 में 396 लोग घायल हुए और 215 की मृत्यु हो गई। वर्ष 2021 में अगस्त तक 263 व्यक्ति घायल हुए और 125 की मृत्यु हो चुकी है। इस साल 2022 में 340 लोग घायल हुए और 280 लोगों की मौत हो चुकी है।

एनएचएआई के अधिकारियों को अवैध कटों को तुरंत बंद करने के आदेश दिए जा चुके हैं। कई स्थानों पर अवैध कटों केे बंद भी किया गया है। इसके अलावा अवैध कट बनाने वालों पर कार्रवाई के निर्देश दिए गए है।
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-अशोक कुमार गर्ग, डीसी
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