संवाद न्यूज एजेंसी
रेवाड़ी। जिले के चार काॅलेजों ने नए कोर्स का प्रस्ताव उच्च शिक्षा विभाग को भेजा था लेकिन सिर्फ खरखड़ा राजकीय कॉलेज को स्नातकोत्तर में दो नये विषयों एमए भूगोल और एमकॉम की पढ़ाई शुरू कराने की अनुमति मिली है। दोनों विषयों में 40-40 सीटें मिली हैं।
उच्च शिक्षा विभाग ने अप्रैल में नए कोर्स शुरू करने के लिए डिमांड मांगी थी। इसमें जिले से चार कॉलेजों ने मांड भेजी थी लेकिन इस बार सिर्फ खरखड़ा राजकीय कॉलेज को ही पीजी में दो कोर्स मिले हैं। खरखड़ा कॉलेज में अब एमए भूगोल और एमकॉम की पढ़ाई होगी। बाकी किसी भी कॉलेज को इस बार नए कोर्स नहीं मिले हैं।
कॉलेजों को नए कोर्स नहीं मिलने का एक कारण संबंधित काॅलेज में स्टाफ की कमी है। ज्यादातर कॉलेजों में किसी न किसी विषय के प्रवक्ता नहीं है। नए कॉलेजों में तो डेपुटेशन पर ही नियुक्ति की हुई है। राजकीय कॉलेज कोसली ने मैथ ऑनर्स और एमएससी की डिमांड भेजी थी लेकिन कोर्स नहीं मिल सके। सेक्टर-18 स्थित गर्ल्स कॉलेज की तरफ से भी पोर्टल पर डिमांड भेजी गई लेकिन नए कोर्स नहीं मिले। बावल राजकीय कॉलेज से भी एमए राजनीति विज्ञान, एमकॉम व एमए इतिहास की डिमांड भेजी गई थी लेकिन कोई नया कोर्स नहीं मिला।
खरखड़ा कॉलेज की प्रिंसिपल व डीएचओ डॉ. अर्चना सुट्टा ने कहा कि कॉलेज में नए कोर्स के लिए पोर्टल के जरिये डिमांड भेजी गई थी। अब हायर एजुकेशन डिपार्टमेंट की ओर से जारी किए गए पत्र अनुसार कॉलेज को पीजी में दो कोर्स नए मिले हैं। दोनों कोर्स में 40-40 सीटें मंजूर की गई हैं।