संवाद न्यूज एजेंसी
रेवाड़ी। अवैध संबंधों के चलते हंसराम की हत्या करने का आरोपी जितेंद्र पहले भी विवादों में रहा है। जितेंद्र की पत्नी शशि की 12 साल पहले घर में पोछा लगाते समय संदिग्ध हाल में करंट लगने से मौत हो गई थी। इसके बाद वह पड़ोसी महिला के साथ चार साल सहमति संबंध में रहा। अब किरायेदार की पत्नी के संग अवैध संबंध के चलते उसने युवकी की हत्या कर शव ड्रम में छिपा दिया।
स्थानीय लोगों का कहना है कि शशि की मौत कूलर से करंट फैलने के कारण बताई गई थी लेकिन वो जब मरी तब उसने चप्पल पहन रखी थी। उसके पेट पर प्रेस चिपकाने जैसे निशान थे। शशि के मायके वाले गरीब थे। इसलिए मामला दब गया।
मां मिथिलेश शर्मा ने बताया कि जितेंद्र की करीब 14 साल पहले शशि से शादी हुई थी। दोनों का एक बच्चा भी हुआ। शशि की मौत के कुछ समय बाद पड़ोस में ही रहने वाली एक महिला उसके संपर्क में आ गई थी और दोनों में प्रेम हो गया। मामला सामने आने पर ससुराल वालों ने महिला को मायके भेज दिया। आरोप है कि जितेंद्र महिला को उसके मायके से भगा लाया फिर तीन से चार साल तक दोनों सहमति संबंध में रहे। महिला ने अपने ससुराल वालों पर दहेज प्रताड़ना और भरण पोषण का केस भी दायर कर दिया था।
घरवाले जितेंद्र के लिए देख रहे थे रिश्ता
मिथिलेश ने बताया कि परिवार वाले जितेंद्र के लिए रिश्ता देख रहे थे। उनकी इच्छा थी कि जितेंद्र का घर बस जाए। डेढ़ माह पहले जितेंद्र हंसराम और लक्ष्मी को घर ले आया। बताया था कि ये मेरा दोस्त है और भट्ठे पर साथ ही काम करता है। अभी भट्ठा बंद हो गया है इसलिए वापस यूपी अपने गांव जा रहे हैं। दो-चार दिन अपने यहां घर में ऊपर रुकेंगे और यहीं पर नए काम-धंधे की तलाश करेंगे। काम मिल जाएगा तो अपने यहां किराया देकर रहेंगे और नहीं मिला तो अपने गांव चले जाएंगे।
जितेंद्र और हंसराम साथ बैठकर पीते थे शराब
मिथिलेश ने बताया कि हंसराम को कोई काम भी मिल गया था। जितेंद्र और हंसराम अक्सर साथ में ऊपर बैठकर शराब पीते थे। इसके बाद जितेंद्र नीचे आकर सो जाता था। कभी भी ऐसा नहीं लगा कि जितेंद्र का हंसराम की पत्नी के साथ कोई रिश्ता बन रहा हो।