रेवाड़ी। हरियाणा की स्वास्थ्य व आयुष मंत्री आरती सिंह राव ने अपने पिता केंद्रीय मंत्री राव इंद्रजीत सिंह के प्रति विपक्ष की टिप्पड़ी पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि एक बिरादरी से सरकार बनने की बात कहना गलत है। उनके पिता एक बिरादरी के नेता नहीं बल्कि पूरे दक्षिण हरियाणा और 36 बिरादरी के लिए आवाज उठाते हैं। वह इन सभी बिरादरियों के नेता हैं।
आरती राव गांव महेश्वरी में बुधवार को पंचायत समिति के चेयरमैन दलबीर सिंह की ओर से आयोजित जनसभा को संबोधित कर रही थीं। सभा से पहले उनका रोड शो भी निकला। उन्होंने माजरा एम्स का उदाहरण देते हुए कहा कि एम्स किसी एक जाति या समाज के लिए नहीं, बल्कि पूरे क्षेत्र और सभी लोगों के लिए है। राव इंद्रजीत सिंह ने एम्स के लिए लंबी लड़ाई लड़ी है।
उन्होंने कहा कि सरकार किसी एक बिरादरी के वोट से नहीं बनती और उनके परिवार को हमेशा सभी वर्गों का समर्थन और आशीर्वाद मिला है। आरती राव ने कहा कि उनके परिवार ने हमेशा सभी लोगों को साथ लेकर चलने की कोशिश की है।
दक्षिण हरियाणा की राजनीति में हर मुद्दे को राव इंद्रजीत सिंह से जोड़े जाने के सवाल पर आरती राव ने कहा कि कुछ नेता अपने काम और उपलब्धियों के बजाय राव इंद्रजीत सिंह के नाम का सहारा लेकर सुर्खियां हासिल करने की कोशिश करते हैं। उन्होंने कहा कि जैसे ही राव इंद्रजीत सिंह का नाम लिया जाता है, मीडिया का ध्यान उस ओर चला जाता है।
आरती राव ने अपने विधानसभा चुनाव का जिक्र करते हुए कहा कि चुनाव के आखिरी दौर तक स्थिति को लेकर कई तरह की चर्चाएं चल रही थीं, लेकिन उन्हें जनता के आशीर्वाद पर पूरा भरोसा था। उन्होंने अपनी जीत का श्रेय क्षेत्र के लोगों के विश्वास और समर्थन को दिया।
उन्होंने कहा कि उनके परिवार ने उन्हें मुश्किल परिस्थितियों में भी हार नहीं मानने की सीख दी है। हार जाने और हार मानने में बहुत अंतर है। मेरे परिवार ने मुझे कभी हार मानना नहीं सिखाया।
एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य के क्षेत्र में काम करना उनके लिए सेवा और पुण्य का काम है। किसी व्यक्ति का इलाज उसकी राजनीतिक या सामाजिक पहचान देखकर नहीं किया जाना चाहिए।
40 लाख के विकास कार्यों का किया शुभारंभ
आरती राव ने गांव महेश्वरी में 40 लाख रुपये के विकास कार्यों का शुभारंभ किया। इसके बाद उन्होंने मीरपुर में ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं और अधिकारियों को समस्या का निराकरण करने के निर्देश दिए। मीरपुर दौरे के दौरान उन्होंने कहा कि वेदांता के साथ हुए समझौते के तहत मीरपुर सीएचसी में महिलाओं और बच्चों के लिए जल्द ही विशेषज्ञ डॉक्टर, आधुनिक मशीनें और अन्य स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। वेदांता सीएचसी की बिल्डिंग को भी दुरुस्त करवाएगा। गांव की पंचायत ने यूनिवर्सिटी और सीएचसी के लिए अपनी जमीन दी है, जिसके कारण पंचायत के पास अब सीमित जमीन बची है। सीएचसी के लिए दी गई 12 एकड़ जमीन में से कुछ हिस्सा वाटर बूस्टिंग प्लांट के लिए उपलब्ध कराने पर उन्होंने सहमति जताई। यूसीसी को लेकर पूछे गए सवाल पर उन्होंने कहा कि उन्हें इस बारे में थोपे जाने संबंधी स्थिति की जानकारी नहीं है। वहीं, लोगों की आवाज उठाने के सवाल पर उन्होंने कहा कि लोगों के हक और हित की बात उठाना उनके परिवार का हमेशा उद्देश्य रहा है और वह भी लोगों की आवाज के साथ अपनी आवाज जोड़ने की पूरी कोशिश करेंगी।