फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Rewari News: बिजली दरों में इजाफा होने से कारोबारियों की बढ़ी परेशानी

विज्ञापन
विज्ञापन
रेवाड़ी। बिजली दरों में इजाफा होने की वजह से जहां आम जनता परेशान है तो वहीं कारोबारियों के लिए भी समस्या कम नहीं है। बिजली दर बढ़ने की वजह से कारोबारियों पर इसका सीधा असर पड़ा है। कारोबारियों ने बताया कि पहले जहां 20 केडब्लू बिजली खर्च होने पर 8.12 रूपये प्रति यूनिट बनती थी, अब यह यूनिट 9.27 रुपये प्रति यूनिट हो चुकी है।
विज्ञापन

यानी कि इस पर करीब 1.15 यूनिट का इजाफा देखने को मिल रहा है। वहीं, 50 केडब्लू बिजली खर्च होने पर पहले 8.07 रूपये प्रति यूनिट के हिसाब से पैसा लिया जाता था। अब इसकी दर बढ़कर 8.87 रुपये प्रति यूनिट हो गई है। करीब 0.80% की इसमें वृद्धि हुई है। पहले 20 किलोवाट तक जिसका बिल 48950 आता था, अब यह बिल बढ़कर 55884 रुपये हो गया है।
करीब 6934 रुपये का इजाफा हुआ है। 50 किलोवाट पर इसका काफी ज्यादा असर देखने को मिल रहा है। पहले जहां 50 किलोवाट पर 6 लाख 94 हजार रुपये तक का बिल आता था, अब यह 7 लाख 62 हजार रूपये हो गया है। इसमें करीब 68 हजार रुपये का इजाफा हुआ है। एकदम इतना ज्यादा फर्क पड़ने की वजह से कारोबारी काफी परेशान हैं।
विज्ञापन


बिजली के दाम कम करने की जरूरत:

लघु उद्योग भारती के अध्यक्ष संजय डाटा ने बताया कि हरियाणा सरकार से बढ़े हुए बिजली दरों को लेकर बातचीत चल रही है। अभी कुछ दिनों पहले ही सरकार से मुलाकात भी की गई थी। साथ ही अपनी तरफ से भी पूरी कोशिश की जा रही है कि जैसे तैसे बढ़े हुए दामों को कम करवाया जा सके, उद्योग पहले से ही खस्ताहाल स्थिति में है। अगर बिजली के दाम कम नहीं होंगे तो और ज्यादा परेशानी बढ़ सकती है। इसके लिए यही मांग है कि व्यापारियों की सुनी जाए और उनकी मांगों को पूरा किया जाए।

-

हरियाणा सरकार ने अप्रैल 2025 में बिजली की दरों में 9 से 30 फीसदी तक की बढ़ोतरी की है। इसके साथ ही बिजली बिलों की गणना के लिए स्लैब और फिक्स्ड चार्ज में भी बदलाव किए। पहले न्यूनतम मासिक शुल्क था, जिसे अब हटा दिया गया है, लेकिन इसके बदले फिक्स्ड चार्ज जोड़ा गया है। इसका सबसे ज्यादा असर उन उपभोक्ताओं पर पड़ा है, जो 5 किलोवाट से ज्यादा बिजली का इस्तेमाल करते हैं।

सुरेंद्र वशिष्ठ, प्रदेश महासचिव, राष्ट्रीय व्यापार सेवा संघ

-
बढ़े हुए बिजली के दामों ने व्यापारियों को काफी नुकसान पहुंचाने का काम किया है। व्यापारी वर्ग इसे काफी परेशान है। बिजली के दामों की बढ़ोतरी कम से कम होनी चाहिए थी, इसका सीधा असर व्यापारियों पर पड़ा है।

भूपेंद्र गुप्ता, राष्ट्रीय अध्यक्ष, राष्ट्रीय व्यापार सेवा संघ

बिजली दरों में इजाफा होने की वजह से जहां आम जनता परेशान है तो कारोबारियों के लिए भी समस्या कम नहीं है। बिजली दर बढ़ने की वजह से कारोबारियों पर इसका सीधा असर पड़ा है। अगर दर बढ़ानी भी थी तो इसे कम से कम बढ़ानी चाहिए थी ताकि व्यापारी वर्ग को परेशानी ना हो।
विज्ञापन


अरुण टोकस, कारोबारी
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें