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नौकरी नहीं दिलाई तो कर डाली सुपरवाइजर की हत्या, एक आरोपी गिरफ्तार

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औद्योगिक क्षेत्र धारूहेड़ा के गांव मालपुरा में किराए पर रहने वाले बिहार निवासी कंपनी सुपरवाइजर की हत्या उसकी पहचान के ही दो युवकों ने नौकरी नहीं दिलाने पर कर दी थी। हत्या की गुत्थी को सुलझाते हुए सेक्टर-छह थाना पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार किया आरोपी बिहार के जिला रोहताश के गांव देवखैरा का राजेश है। हत्या का दूसरा आरोपी उत्तर प्रदेश के जिला देवरिया के गांव समोपर मोहरा का शैलेंद्र है जो अभी फरार है।
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डीएसपी अमित भाटिया ने बताया कि सेक्टर-छह थाना पुलिस को दस अप्रैल की सुबह गांव मालपुरा के निकट एक बंद फैक्टरी के पास झाड़ियों में बोरे में शव पड़ा होने की सूचना मिली थी। मृतक की शिनाख्त बिहार के जिला कैमूर के गांव पडियारी निवासी 51 वर्षीय सचिदानंद के रूप में हुई थी। सचिदानंद के हाथ-पैर पीछे टेप से बंधे हुए थे और मुंह पर भी टेप बंधी मिली थी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के अनुसार सचिदानंद की हत्या गला घोंट कर की गई थी। पुलिस ने मृतक के भाई अजीत की पत्नी अनीता की शिकायत पर अज्ञात के खिलाफ हत्या और सबूत मिटाने का मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी।
गायब होने पर बढ़ा संदेह
डीएसपी ने बताया कि जांच के दौरान सेक्टर-छह थाना एसएचओ सुरेश कुमार ने सचिदानंद के संपर्क के लोगों की सूची खंगालनी शुरू की। इसी दौरान उन्हें सूचना मिली कि किराए पर रहने वाले दो युवक राजेश व शैलेंद्र शव मिलने की घटना के बाद से अपने कमरे से गायब है। पुलिस ने दोनों की तलाश शुरू की। दोनों की लोकेशन उत्तर प्रदेश में मिली लेकिन उनके मोबाइल स्विच ऑफ हो गए। लगातार मोबाइल स्विच ऑफ आने पर पुलिस का संदेह और बढ़ गया। जांच करते हुए पुलिस की टीम बिहार पहुंची और एक आरोपी राजेश को धर दबोचा।
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हत्या से पहले पिलाई थी शराब
डीएसपी ने बताया कि सचिदानंद हीरो कंपनी में एक ठेकेदार के पास सुपरवाइजर का काम करते थे। शैलेंद्र और राजेश उससे लगातार नौकरी लगाने के लिए दबाव बना रहे थे लेकिन सचिदानंद मजबूरी बता कर इनकार कर देता था। एक माह पहले भी शैलेंद्र व सचिदानंद के बीच झगड़ा हुआ था। नौ अप्रैल की रात को शैलेंद्र व राजेश ने साजिश के तहत सचिदानंद को अपने कमरे पर खाने का निमंत्रण दिया। खाने से पहले दोनों ने सचिदानंद को पहले शराब पिलाई फिर मारपीट शुरू कर दी। कमरे से बाहर आवाज सुनाई न दे, इसके लिए दोनों ने म्यूजिक सिस्टम की आवाज बढ़ा दी और गला घोंट कर हत्या कर दी।
शव मिलने पर वहीं थे दोनों आरोपी
हत्या करने के बाद शैलेंद्र वहीं कुछ दूर किराए पर रहने वाली अपनी बुआ के घर से ड्यूटी पर जाने की कह कर मोटरसाइकिल ले आया था और शव को डालने के लिए बाजार से दो बड़े पालीथिन बोरे भी खरीदे। शव को बांध कर प्लास्टिक के बोरे में डाल कर रात करीब डेढ़ बजे मोटरसाइकिल पर लाद कर बंद फैक्टीी के पास खाली प्लॉट में फेंक गए। आरोपी सचिदानंद का मोबाइल अपने साथ ले गए थे। अगले दिन सुबह शव मिला तो दोनों आरोपी भी उसी जगह पर मौजूद थे। बाद में दोनों पहले बावल गए और वहां से जयपुर चले गए। जयपुर से दोनों उत्तर प्रदेश के गोरखपुर चले गए थे। पुलिस ने आरोपी राजेश को अदालत में पेश कर रिमांड पर लिया है और दूसरे आरोपी की तलाश कर रही है। पुलिस वारदात में प्रयुक्त मोटरसाइकिल व मोबाइल भी बरामद करने का प्रयास कर रही है।
आरोपी ने वर्ष 2020 में छह माह किया था काम
आरंभिक पूछताछ के बाद आरोपी ने सचिदानंद की हत्या करना कुबूल कर दिया। पूछताछ में उसने बताया कि उसे पहले सचिदानंद ने कंपनी में नौकरी लगाया था। वर्ष 2020 में उसने करीब 6 माह तक सचिदानंद के साथ कंपनी में काम किया था। इसके बाद उसे हटा दिया गया था। नौकरी पाने के लिए वह बार-बार उसके पास चक्कर लगा रहा था। वह दूसरे लोगों को तो नौकरी लगवा रहा था परंतु उसे नहीं लगाया गया। इससे परेशान होकर ही उसने यह कदम उठाया था।
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