संवाद न्यूज एजेंसी
रेवाड़ी। इंस्पायर अवॉर्ड के तहत आइडिया भेजने की तिथि मंगलवार को समाप्त हो गई। इस बार इंस्पायर अवॉर्ड को लेकर विद्यार्थियों ने कम रुचि दिखाई। शिक्षा निदेशालय ने प्रत्येक खंड से 250 आइडिया मांगे थे। पांच खंडों को मिलाकर 1250 आइडिया भेजे जाने थे लेकिन 750 विद्यार्थियों ने ही आइडिया दिए।
आइडिया व्यवहारिकता, सामाजिक उपयोगिता, पर्यावरण की अनुकूलता, नवीनता और वर्तमान तकनीक से बेहतरी के आधार मांगे गए थे। अब विद्यार्थियों के भेजे गए आइडिया को चयनित करने का काम किया जाएगा। इसके लिए विभाग की तरफ से चयनित आइडिया पर कार्य करने के लिए उन विद्यार्थियों को दस हजार रुपये का बजट जारी किया जाएगा। इससे विद्यार्थी की नवाचार के प्रति रुचि और बढ़ेगी। उसके द्वारा आइडिया पर कार्य करते हुए आगे बढ़ने के अवसर भी मिलेंगे।
जिले के राजकीय व निजी विद्यालय के छठी से 10वीं कक्षा तक के विद्यार्थी अपने आइडिया पर मॉडल तैयार करके राष्ट्रीय स्तर पर अवॉर्ड पाने के लिए आवेदन करते हैं। इसकी शुरुआत शिक्षा विभाग ने वर्ष 2013-14 में शुरू की थी। यह योजना विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग की ओर से चलाई जा रही है। इंस्पायर अवॉर्ड मानक विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग भारत सरकार का एक राष्ट्रीय कार्यक्रम है। इसका उद्देश्य मेधावी छात्रों में विज्ञान की पढ़ाई के प्रति रुचि पैदा करना व वैज्ञानिक अनुसंधान के लिए आकर्षित करना है।
वर्जन:
इंस्पायर अवॉर्ड के तहत आइडिया भेजने का समय समाप्त हो चुका है। इस बार जिले में कुल 750 विद्यार्थियों ने आइडिया भेजे हैं। अब इन्हें आगे भेजने की कार्य किया जाएगा। -रेनू यादव, जिला विज्ञान विशेषज्ञ, शिक्षा विभाग रेवाड़ी।