रेवाड़ी। 14 जुलाई को केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी प्रदेेश को लगभग 12 हजार करोड़ की सड़क परियोजनाओं का तोहफा देंगे। इनमें महेंद्रगढ़-पेहवा (कुरुक्षेत्र) ग्रीन फील्ड हाईवे व सामरिक महत्व के रेवाड़ी-जैसलमेर राजमार्ग संख्या-11 का रेवाड़ी-नारनौल मार्ग मुख्य रूप से शामिल है। इसके अलावा रेवाड़ी, अटेली व नारनौल बाईपास का भी शिलान्यास होगा। इसमें 6 साल से लंबित शहर का 14 किमी. लंबा आउटर बाईपास, रेवाड़ी-पटौदी-गुरुग्राम 42 किमी. लंबा नेशनल हाईवे व रेवाड़ी से अटेली तक सामरिक व पर्यटन की दृष्टि से महत्वपूर्ण एनएच-11 शामिल है। इनमें अधिकांश परियोजनाएं दक्षिण हरियाणा से जुड़ी हैं। बता दें कि कुछ परियोजनाओं को छोड़कर अधिकतर पर काम चल रहा है, लेकिन शिलान्यास नहीं हो पाया था।
किस परियोजना पर कितना होगा खर्च
नारनौल में प्रस्तावित 24 किमी लंबे बाईपास से महेंद्रगढ़, भिवानी, रोहतक, जींद, कैथल, करनाल व कुरुक्षेत्र जिलों से होते हुए पेहवा के निकट नेशनल हाईवे नंबर 152 में मिलने वाले ग्रीन फील्ड हाईवे के निर्माण पर 9 हजार करोड़ की लागत आएगी। इस मार्ग से आगे अंबाला होते हुए सीधे चंडीगढ़ पहुंचना सुगम होगा। इसका निर्माण छह चरणों में होगा। रेवाड़ी-नारनौल हाईवे पर अटेली-नारनौल बाईपास सहित 2300 करोड़ खर्च होंगे। नारनौल रोड से राष्ट्रीय राजमार्ग संख्या-352 (रेवाड़ी-रोहतक हाईवे) तक प्रस्तावित 14 किमी लंबे रेवाड़ी आउटर बाइपास पर 800 करोड़ खर्च होंगे। रेवाड़ी-पटौदी-गुरुग्राम के 46 किमी लंबे भाग पर 1500 करोड़ की लागत आएगी। गडकरी इसी दिन इसका भी शिलान्यास करेंगे। इसे कुछ समय पूर्व ही नेशनल हाईवे का दर्जा दिया गया था।
रेवाड़ी-जैसलमेर परियोजना
यह परियोजना कुल 848 किलोमीटर लंबी है। सामरिक महत्व के अलावा इसका पर्यटन की दृष्टि से भी महत्व है। निर्माण पूरा होने पर हरियाणा व राजस्थान के मध्य शेखावाटी क्षेत्र के पर्यटकों के लिए एक बेहतरीन पर्यटन गलियारा होगा। मुख्यमंत्री मनोहरलाल ने केंद्रीय मंत्री राव की मांग पर 4 जुलाई 2015 को रेवाड़ी के जिस आउटर बाईपास की घोषणा की थी, वह अब इसी राजमार्ग का हिस्सा है। रेवाड़ी की तीन परियोजनाएं पूरी होने के बाद विकास में तेजी आएगी।
रेवाड़ी-पटौदी-गुरुग्राम हाइवे की 2016 में हुई थी घोषणा
रेवाड़ी से पटौदी होते हुए गुरुग्राम तक की करीब 42 किलोमीटर लंबी सड़क को भारत माला योजना के तहत 2016 में फोरलेन नेशनल हाईवे बनाने की घोषणा की गई थी। एनएचएआई के प्रोजेक्टर डायरेक्टर पीके कौशिक के मुताबिक फोरलेन नेशनल हाईवे पर करीब 1500 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान बताया था। लेकिन नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (एनएचएआई) का कहना है कि प्रोजेक्ट उनके पास 2018 में आया है। लोक निर्माण विभाग की ओर से जो डीपीआर तैयार कर मंत्रालय को भेजी गई थी, उसके तहत गुरुग्राम से शुरु होकर हाईवे रेवाड़ी के एनएच-71 पर मिलेगा। इसके लिए एनएच-71 पर नए हाईवे पर जाने के लिए इंटरचेंज बनाया जाएगा। इसके अलावा रेलवे ओवरब्रिज सहित 13 छोटे पुल बनाए जाने की योजना है। इस रोड से लगते अन्य रास्तों को मिलाने के लिए 7 इंटरचेंज भी बनाए जाएंगे।
14 जुलाई को ऑनलाइन करेंगे शिलान्यास : पीडी
एनएचएआई के प्रोजेक्ट डायरेक्टर पीके कौशिक ने कहा कि रेवाड़ी-पटौदी-गुरुग्राम, आउटर बाईपास, रेवाड़ी-अटेली एनएच-11 के अलावा अटेली व नारनौली बाईपास व ग्रीन फील्ड हाइवे का शिलान्यास ऑनलाइन केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी करेंगे।
लोगों का यातायात सुगम एवं सुरक्षित होगा : राव
केंद्रीय राज्य मंत्री राव इंद्रजीत सिंह ने कहा कि 14 जुलाई को केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी इन योजनाओं का शिलान्यास कर क्षेत्र के नागरिकों को समर्पित करेंगे। राव ने कहा कि नितिन गडकरी के आभारी हैं कि उन्होंने क्षेत्र के इन योजनाओं को मंजूरी दी। इन योजनाओं के निर्माण के बाद यहां के लोगों का यातायात सुगम एवं सुरक्षित हो सकेगा।