रेवाड़ी। गांव किशनपुर स्थित नागदेव मंदिर में चल रही श्रीमद् भागवत कथा के पांचवें दिन श्रीधाम वृंदावन से आई राधिका किशोरी ने कृष्ण भगवान की बाल लीलाओं का वर्णन किया। कान्हा की माखन चोरी लीला, उखल बंधन लीला और गिर्राज पूजन के बारे में बताया। कथा वाचक राधिका किशोरी ने कहा कि जीवन में माता-पिता का सर्वोच्च स्थान है। जो व्यक्ति अपने माता-पिता की सेवा करेगा, उसे स्वर्ग की सीढ़ी मिलेगी। वहीं, जो व्यक्ति अपने माता पिता के साथ गलत व्यवहार करेगा, उसे नर्क में भी जगह नहीं मिलेगी। बड़ी संख्या में पधारे श्रद्धालुओं ने हर्षोल्लास के साथ कथा सुनी।