रेवाड़ी। सदर थाना क्षेत्र के एक गांव में घर में घुसकर महिलाओं के साथ यौन उत्पीड़न और लूटपाट करने के मामले में पुलिस ने एक महिला आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी विनोद देवी उर्फ काली झज्जर जिले के गांव साल्हावास की रहने वाली है। इससे पहले पुलिस चार आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है। पूछताछ में खुलासा हुआ था कि वारदात से पहले पीड़ित परिवार के घर की जानकारी उपलब्ध करवाने में विनोद देवी की अहम भूमिका रही थी। अदालत में पेश करने के बाद उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।
पुलिस के अनुसार यह बावरिया गैंग अपने ही समाज के लोगों को निशाना बनाता था। गैंग के सदस्य फरीदाबाद और राजस्थान में भी वारदातें कर चुके हैं। अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की कार्रवाई जारी है।
पीड़िता की शिकायत पर हुआ खुलासा
एसपी कार्यालय के अनुसार, 4 अप्रैल को एक महिला ने शिकायत दी थी कि 3 अप्रैल की रात कुछ हथियारबंद लोग उसके घर में घुस आए थे। उन्होंने परिवार को बंधक बनाकर मोबाइल फोन छीन लिए, महिलाओं के साथ यौन उत्पीड़न किया और अश्लील वीडियो बनाई। इसके बाद सोने-चांदी के आभूषण और सीसीटीवी सेटअप बॉक्स भी लूट लिया। जाते समय आरोपियों ने वीडियो वायरल करने की धमकी दी।
पहले ही गिरफ्तार हो चुके चार आरोपी
पुलिस ने इस मामले में पहले ही चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया था। इनमें महेंद्रगढ़ जिले के गांव गागड़वास निवासी संजू, राजस्थान के चूरू जिले के गांव किरतान मीणा की जोड़ी निवासी रामबाबू, फरीदाबाद के गांव कुरेशीपुर निवासी टीटु और हिसार जिले के गांव नारनौंद निवासी मदन शामिल हैं।
ऐसे दिया गया था वारदात को अंजाम
डीएसपी डॉ. रविंद्र कुमार ने बताया कि गैंग ने वारदात से पहले पीड़ित परिवार की आर्थिक स्थिति और घर में मौजूदगी की पूरी जानकारी जुटा ली थी। उन्हें पता था कि परिवार का मुखिया 3 अप्रैल को घर से बाहर रहेगा। उसी रात पांच बदमाश दो बाइक पर गांव पहुंचे। बाइक गेहूं के खेत में छिपाकर उन्होंने अपने मोबाइल फोन बंद कर दिए और घर की पिछली दीवार फांदकर छत पर पहुंचे। छत पर पहुंचते ही उन्होंने महिलाओं को बंदूक दिखाकर बंधक बना लिया और डराकर उनसे अश्लील हरकतें कीं। बच्चों को भी बंधक बनाकर उल्टा लटका दिया ताकि कोई शोर न मचा सके। इसके बाद लूटपाट कर आरोपी भाग गए।