बावल। भारतीय किसान यूनियन की एक बैठक रविवार को बावल स्थित विश्राम गृह में आयोजित की गई। बैठक में पिछले सात महीने से चल रहे किसान आंदोलन में बावल चौरासी के सहयोग की समीक्षा की गई। आंदोलन को मजबूत करने के लिए सात जुलाई को सुबह 10 बजे साबुन चौक (बावल) में बावल चौरासी के लोगों के एकत्रित होकर शाहजहांपुर-खेड़ा बार्डर पहुंचने का फैसला लिया गया।
किसानों से संपर्क करने के लिए भारतीय किसान यूनियन के कार्यकर्ताओं की पांच टीमें बनाई गई हैं। एक टीम सुमेर सिंह पूर्व सरपंच बनीपुर व भजन लाल खटाना के नेतृत्व में बनाई गई है। यह टीम बनीपुर, पातुहेडा व आसलवास आदि पंद्रह गांवों में संपर्क करेगी। दूसरी टीम रण सिंह पूर्व सरपंच झाबुआ व मीर सिंह खजूरी के नेतृत्व में झाबुआ, बीदावास, रायपुर आदि गांवों में संपर्क करेगी। तीसरी टीम अतर सिंह प्राणपुरा व नवीन कुमार की अगुवाई में प्राणपुरा, टकीला व शाहपुरा आदि गांवों में संपर्क करेगी। चौथी टीम सूरजभान बालावास व शेर सिंह कटारिया के नेतृत्व में बालावास, मोहम्मदपुर व सुलखा सहित अन्य गांवों में पहुंचकर लोगों को आंदोलन से जुटने के लिए संपर्क करेगी। पांचवीं टीम सुमेर जैलदार व महेंद्र सिंह के नेतृत्व में रसियावास, मोहनपुर व ओढी के अलावा अन्य गांव में जाकर किसानों को जागरूक करने का काम करते हुए कृषि कानूनों की खामियों को गिनवाएगी।
ट्रैक्टरों में सवार होकर किसान पहुंचेंगे खेड़ा बॉर्डर
बैठक में बावल चौरासी के प्रधान सुमेर जेलदार ने सभी भाइयों से सात जुलाई को सुबह दस बजे साबुन चौक पर पहुंचने का आह्वान किया। साबुन चौक से इकट्ठा होकर ट्रैक्टरों के द्वारा सुबह 11 बजे शाहजहांपुर-खेड़ा बार्डर पर पहुंचकर समर्थन देकर किसान आंदोलन को मजबूती देंगे। बैठक में मुख्य रूप से रामकिशन महलावत, सुमेर जेलदार, प्रभुदयाल, जुगलाल, सुमेर सिंह पूर्व सरपंच बनीपुर, महेंद्र सिंह, भूप सिंह बनीपुर, रण सिंह झाबुआ, राजकारण बीदावास, ईश्वर महलावत, राजीव जेलदार, महेंद्र ककरावत राहुल, नवीन सोहलोत, सूरजभान, फौजी अतर सिंह, मामचन्द नम्बरदार, किशन नेहरा, मुकेश शर्मा, रामकंवार, मीर सिंह, धर्मपाल, ओमप्रकाश व प्रहलाद शाहपुर सहित अनेक किसान मौजूद रहे।