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दखौरा के ग्रामीण जासूूसी के दाग से हैं आहत, पसरा है सन्नाटा

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रेजांग-ला और भारत-पाक युद्ध की शौर्य गाथा समेटे दखौरा गांव के ग्रामीण जासूूसी कांड से सकते में हैं। देश की सुरक्षा व अखंडता के लिए प्राण न्योछावर करने रणबांकुरों के इस गांव के लोग जासूसी के दाग से आहत भी हैं। यही कारण है कि गांव में चारों ओर सन्नाटा पसरा हुआ है।
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बता दें कि दखौरा गांव के हर दूसरे घर में सैनिक या पूर्व सैनिक मिल जाएंगे। वर्ष 1962 में हुए युद्ध के समय बर्फीली रेजांग-ला पोस्ट पर चीनी सैनिकों को धूल चटाते हुए शहीद हुुए सैनिकों में तीन सैनिक इसी गांव के वीर सपूत थे। इसके अलावा आतंकियों से लोहा लेते हुए चार सैनिक देश के लिए अपनेे प्राणों को न्योछावर कर चुके हैं। वहीं भारत-पाक युद्ध में भी इस गांव के रणबांकुरे अपनी वीरता की छाप छोड़ चुके हैं। हालांकि जासूूसी कांड के बाद से गांव में चारों ओर सन्नाटा पसरा हुआ है।
गांव से पहली बार हरियाणा पुलिस में भर्ती होकर बहन बनी थी प्रेरणा
दो दिन से देशभर में चर्चित गांव दखौरा में सन्नाटा पसरा हुआ है। चौक-चौराहों पर इक्का-दुक्का लोग बातें करते नजर आ रहे हैं, लेकिन बाहर के लोगों को देखते ही वे चुप हो जाते हैं। काफी देर टटोलने के बाद एकाएक उनका दर्द छलकने लगता है। ग्रामीणों ने बताया महेश की बड़ी बहन गांव की पहली बेटी थी, जिसने हरियाणा पुलिस में भर्ती होकर गांव का गौरव बढ़ाया था। मिलिट्री इंजीनियरिंग विंग में चतुर्थ श्रेणी कर्मी की बड़ी बहन वर्ष 2015 में हरियाणा पुलिस में भर्ती हुई थी। इससे गांव में न केवल खुशी का माहौल था, बल्कि उसके उम्र की लड़कियों को पुलिस में भर्ती होने की उम्मीद जगने लगी थी। नारनौल में तैनात महेश की बहन गांव की लड़कियों के आदर्श के रूप में सामने आई थी। गांव के लोगों को उस पर बहुत गर्व था। इसके बाद गांव की अन्य लड़कियां भी पुलिस में भर्ती हुईं। वहीं वर्ष 2018 में मिलिट्री इंजीनियरिंग विंग में चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी के रूप में महेश भी भर्ती हो गया था। महेेश की तैनाती अधिकांश समय जयपुर में रही है। लेकिन पाकिस्तानी महिला के जाल में फंसकर उसने जो कुछ किया उससे गांव के गौरव पर कालिख लग गई।
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महेश के घर लटका है ताला
पाक के लिए जासूसी करने करने के आरोपी महेश के घर पर ताला लटका हुआ है। गांव में पशुओं के लिए बनाए गए बाड़े में महेश की मां पशुओं की देखभाल कर रही है। लेकिन उसके पिता, पत्नी व भाई के बारे में ग्रामीणों को कोई जानकारी नहीं है। ग्रामीणों ने बताया कि सुबह से ही परिवार के अन्य सदस्य गांव से लापता हैं। हालांकि वीरवार शाम तक सभी सदस्य घर पर ही थे।
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