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दोपहर 12 बजे से सायं 4 बजे के बीच धूप में सीधे न जाएं : डॉ. दीपक

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रेवाड़ी। सिविल अस्पताल रेवाड़ी। फाइल फोटो
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रेवाड़ी। जिले का तापमान लगातार बढ़ता जा रहा है। गर्मी के दिनों में बेहोशी और चक्कर आने जैसे मामले काफी बढ़ जाते हैं। सोमवार को अधिकतम तापमान 39 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 20 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है। विशेषज्ञों ने अलर्ट जारी करते हुए कहा है कि सभी लोगों को इन दिनों धूप और गर्मी से बचाव करते रहना चाहिए। जिन लोगों को पहले से ही किसी प्रकार की क्रोनिक बीमारी जैसे हाई ब्लड प्रेशर, डायबिटीज या हृदय रोगों की समस्या रही है उन्हें इन दिनों में और भी सावधान हो जाना चाहिए। लू के कारण अल्पकालिक और दीर्घकालिक दोनों प्रकार की स्वास्थ्य समस्याओं का खतरा हो सकता है।
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हीट स्ट्रोक के कारण होने वाली समस्या



डॉक्टर दीपक ने बताया कि हीट स्ट्रोक या गर्मी के कारण आने वाले चक्कर-बेहोशी की समस्या आमतौर पर तब होती है जब हमारे शरीर का तापमान कुछ प्रकार के बाहरी कारकों जैसे उच्च तापमान की प्रतिक्रिया में काफी बढ़ जाता है। अत्यधिक गर्मी के मौसम में बाहर रहने वाले, फील्ड में काम करने वाले या गर्मी के मौसम में बाहर खेलने-व्यायाम करने वाले लोगों में ये दिक्कत अधिक देखी जाती रही है।

गर्मी में लू से बचाव के लिए अपनाएं ये उपाय : डीसी
लू से बचने के लिए गर्मी में हल्के रंग के ढीले सूती कपड़े पहनें, अपना सिर ढककर रखें, कपड़े, हैट और छतरी का उपयोग करें, पर्याप्त मात्रा में पानी पिएं-भले ही प्यास न लगी हो, ओआरएस (ओरल रीहाइड्रेशन सॉल्यूशन), घर में बने पेय जैसे लस्सी, तोरानी (चावल का मांड) नींबू पानी, छाछ आदि का सेवन कर तरोताजा रहें। बच्चों को वाहनों में छोड़कर न जाएं उन्हें लू लगने का खतरा हो सकता है, नंगे पांव बाहर न जाएं, गर्मी से राहत के लिए हाथ का पंखा अपने पास रखें, काम के बीच में थोड़ा-थोड़ा विश्राम लें, खेत खलिहान में काम कर रहे हैं तो समय-समय पर पेड़ या छाया में ही आसरा लें। गर्मी के मौसम में जंक फूड का सेवन न करें। ताजे फल, सलाद और घर में बना खाना खाएं। खासतौर से दोपहर 12 बजे से सायं 4 बजे के बीच धूप में सीधे न जाएं। यदि बच्चे को चक्कर आएं, उल्टी घबराहट अथवा तेज सिरदर्द हो, सीने में दर्द हो अथवा सांस लेने में कठिनाई हो तो चिकित्सक को दिखाएं।
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