रेवाड़ी। जैन मंदिर में मुनि विज्ञान सागर महाराज श्रावकों को मार्गदर्शन करते हुए। स्रोत: पाठक
संवाद न्यूज एजेंसी
रेवाड़ी। नगर के बावल रोड स्थित दिगंबर जैन भगवान आदिनाथ मंदिर में जैन मुनि विज्ञान सागर महाराज के पहुंचने पर समाज के लोगों ने उनका स्वागत किया।
वह नारनौल में चातुर्माश करने के बाद पैदल विहार करते हुए विशेष आग्रह पर रेवाड़ी पहुंचे। यहां सुबह श्रावकों का मार्गदर्शन करते हुए उन्होंने गुरु-शिष्य की परम्परा पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि गुरु अपने शिष्यों को सदमार्ग पर ले जाता है, वहीं शिष्यों को भी अपने गुरुजनों का मान सम्मान करना चाहिए। उन्होंने कहा कि गृहस्थ जीवन में रहते हुए जैन श्रावक के तीन नियमों श्रद्धावान, विवेकवान व क्रियावान को अपनाना चाहिए। इन नियमों के पालन से जीवन में शांति व स्मृद्धि आती है। जैन मुनि सेवा संघ समिति के प्रधान सतीश जैन ने कहा कि महाराज के रेवाड़ी आगमन से समाज के लोगों में उत्साह है। वे नारनौल से विहार करते हुए रेवाड़ी आये हैं और सोमवार को तिजारा राजस्थान के लिए प्रस्थान करेंगे। इस मौके पर समाज के देवेन्द्र कुमार जैन, महेन्द्र जैन, राजेन्द्र जैन, राजीव जैन आदि प्रमुख रूप से उपस्थित थे।