पटौदी के गांव लोकरी निवासी एक व्यक्ति ने गांव के ही कुछ लोगों पर धोखाधड़ी का आरोप लगाते हुए धारूहेड़ा के थाने में मुकदमा दर्ज कराया है। आरोपियों के कारण ही उसके भाई को आत्महत्या के लिए मजबूर होने का मामला पहले ही धारूहेड़ा थाने में दर्ज है। पुलिस ने मामले में कार्रवाई शुरू कर दी है।
धारूहेड़ा पुलिस में दर्ज कराई शिकायत में गुड़गांव पटौदी विस के गांव लोकरी निवासी सुरेन्द्र सिंह ने बताया कि उसके छोटे भाई ने गांव के ही ओमप्रकाश, रणबीर व मनीषा के साथ मिलकर एनएच-आठ पर साहबी पुल के पास ट्रांसपोर्ट का काम शुरू किया था। इनके साथ मिलकर उसने कई डंपर भी खरीदे थे। लेकिन कुछ ही समय बाद ओमप्रकाश, रणबीर और मनीषा ने मिलकर धोखे से सुरेन्द्र के भाई से अपने नाम सभी वाहन करा लिए थे। तीनों आरोपी एक ही परिवार के हैं। धोखाधड़ी का पता चलने पर शिकायतकर्ता के भाई ने आरोपियों से बातचीत की लेकिन उन्होंने डंपर लौटाने, यहां तक कि कोई हिस्सा भी देने से साफ इंकार कर दिया। धोखाधड़ी से परेशान युवक ने फिर आत्महत्या कर ली थी। आत्महत्या करने के मामले में उक्त आरोपियों पर पहले ही धारूहेड़ा थाना पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया हुआ है, जिसमें आरोपी जमानत पर चल रहे हैं। अब धारूहेड़ा पुलिस ने उक्त आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज किया है।