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बलवाड़ी में अज्ञात जानवर ने फिर दो बकरियों का उतारा मौत के घाट, दहशत में ग्रामीण....

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अमर उजाला ब्यूरो
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रेवाड़ी। जिले के गांव बलवाड़ी के लोग फिर दहशत में हैं। अज्ञात जानवर ने दस दिन पहले 23 दिसंबर की रात को तीन बकरियों की गर्दन तोड़कर मारा डाला था और उसके बाद अब सोमवार की रात को एक बार फिर अज्ञात जानवर ने सोमवार की रात को बाड़े में बंधी भंवरसिंह की दो बकरियों को गर्दन तोड़कर मारा डाला। ठीक एक सप्ताह बाद हुए बकरियों को मारने की घटना के बाद ग्रामीणों में भय का माहौल है।
सोमवार की रात को गांव निवासी भंवरसिंह ने अपनी बकरियों को एक बाड़ा में बांधा हुआ था और सर्दी से बचाव के लिए भी पुख्ता प्रबंध किए थे। इसके बावजूद रात के समय आए अज्ञात जानवर ने बाड़ा में पहुंचकर दो बकरियों को मार डाला। हालांकि बकरियों को पहले की तरह ही गर्दन तोड़कर मारा हुआ था। मंगलवार सुबह इस बात का पता चलने के बाद पूरे गांव में हड़कंप मच गया। इससे पहले 23 दिसंबर को भी 3 बकरियों को मारा जा चुका है जबकि इससे पहले अक्तूबर माह में दो बार अज्ञात जानवर ने हमला करके गांव के दो बकरी पालकों की 32 बकरियों को मार दिया था। सूचना मिलने के बाद मौके पर पहुंची पुलिस और वन विभाग की टीम ने यहां से जानकारी जुटाई। गांव निवासी भंवरसिंह ने बताया कि उसने अपने प्लॉट में बने बाड़ा में बकरियों को बांधा था जिस पर रात को बाड़ा में आए अज्ञात जानवर ने हमला कर दिया। इस हमले में दो बकरियां मर गई है। एक सप्ताह के बाद अज्ञात जानवर द्वारा बकरियों पर हमला करने की यह दूसरी घटना है और इससे पहले अक्तूबर में रात को अज्ञात जानवर के हमले से 32 से अधिक बकरियां की मौत हो गई थी।
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गांव के लोगों में बना हुआ भय
सोमवार की रात को दोबारा से अज्ञात जानवर द्वारा बकरियों को मौत के घाट उतारने के बाद ग्रामीणों में भय की स्थिति बनी हुई है। ग्रामीणों ने बताया कि गांव में इससे पहले हुए हमले में बकरियों की मौत हो गई थी। उसके बाद अभी तक न तो जानवर को पकड़ा गया है और न ही उसका कोई पता चला है। अब एक सप्ताह के बाद दोबारा से हमला होने के बाद भी वन्य प्राणी विभाग द्वारा कोई कार्रवाई नहीं की है।
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आज उठाए जाएंगे जानवर के पगमार्क
वन्य प्राणी विभाग के निरीक्षक देवेंद्र कुमार ने बताया कि उन्होंने आज भी मौका मुआयना किया है जिसमें जानवर द्वारा बकरियों को मारने का तरीका एक ही है। पहले भी इसी तरह गर्दन् तोड़कर बकरियों को मारा गया था जिनके विसरा को जांच के लिए देहरादून लैब भेजा हुआ है। उसकी रिपोर्ट अभी तक नहीं आई है और अब दोबारा से जल्द रिपोर्ट भेजने का पत्र भेजा गया है। उन्होंने बताया कि जानवर के पगमार्क सुरक्षित कर दिए गए हैं और उनको बुधवार को उठाया जाएगा। जहां तक संभव है यह लक्कड़बघा ही है।
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