फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

90 फीसदी सफाईकर्मी रहे हड़ताल पर, दो घंटे ग्रामीण रूटों पर बस न मिलने से यात्री रहे परेशान

विज्ञापन
बस के इंतजार में खड़े यात्री - फोटो : Rewari
विज्ञापन
नेशनल ट्रेड यूनियनों के आह्वान पर सरकार की मजदूर व कर्मचारी विरोधी नीतियों के खिलाफ बुधवार को बुलाई गई राष्ट्रव्यापी हड़ताल का जिला में मिला-जुला असर रहा। रेवाड़ी नगर परिषद, नगर पालिका धारूहेड़ा व बावल के 90 फीसदी सफाई कर्मचारी हड़ताल पर रहने से शहरों में सफाई नहीं हो सकी, लेकिन डोर-टू-डोर कचरा कलेक्शन कर्मचारी हड़ताल से दूर रहे। रोडवेज में कर्मचारी सुबह के समय दो घंटे का धरना देकर डयूटी पर चले गए। बस संचालन का असर ग्रामीण सेवाओं पर जरूर पड़ा। इसके अलावा बिजली निगम की बात करें तो यहां भी एक यूनियन की ओर से हड़ताल से दूरी बनाने के चलते महज ऑल हरियाणा पावर कॉरपोरेशन व डिप्लोमा इंजीनियर एसोसिएशन के कर्मचारी हड़ताल पर रहे। प्रशासन की ओर से स़ुबह के समय ही रोडवेज बस स्टैंड पर पुलिस तैनात की कर दी गई थी, इसके अलावा जिला सचिवालय पर भी आपात स्थिति से निपटने के लिए अतिरिक्त पुलिस रिजर्व में रखा गया था।
विज्ञापन

नेहरू पार्क में सरकार के खिलाफ की नारेबाजी
रोडवेज, बिजली निगम, नगर पालिकाएं व कुछ बैंक सहित अन्य कर्मचारियों ने अपने दफ्तरों के बाहर धरना दिया। इसके बार सभी कर्मचारी शहर के नेहरू पार्क में एकत्रित हुए। यहां पर कर्मचारियों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए नीतियों को कर्मचारी विरोधी बताया।
रेवाड़ी नप के सभी 320 सफाई कर्मचारी रहे हड़ताल पर
रेवाड़ी नगर परिषद में स्थायी व अस्थायी कुल 320 सफाई कर्मचारी हैं। हड़ताल के चलते सभी कर्मचारियों ने नप दफ्तर के बाहर बैठक सरकार के खिलाफ धरना दिया। बावल नगर पालिका के 45 कर्मचारियों में 35 हड़ताल पर थे, वहीं 5 कर्मचारी छुट्टी पर रहे। इसके अलाव दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम लिमिटेड के रेवाड़ी डिवीजन में 175 में से 17, कोसली में 405 में से 28 और धारूहेड़ा डिविजन के 350 कर्मचारियों में से 85 स्थायी व अस्थायी कर्मचारी हड़ताल पर रहे।
विज्ञापन

नगर निकाय पर रहे हड़ताल कर्मियों में ताराचंद चांवरिया, कोषाध्यक्ष पूर्णचंद, पिहाल, घनश्याम, अजीत, त्रिलोक, मंगतु, प्रताप, विनीत सहित अनेक कर्मचारी उपस्थित रहे। डिप्लोमा इंजीनियर एसोसिएशन में प्रधान सुनील यादव, चरण सिंह, ईश्वर सिंह, सुरेंद्र कुमार, धीरज यादव, राजबीर, विक्रम सिंह, पवन कुमार, सुनील कुमार, रामपाल, हरि प्रकाश व जेई महेश कुमार शामिल रहे।
एजुसेट चौकीदारों ने 18 की बजाए 8 घंटे ड्यूटि की उठाई मांग
एजुसेट चौकीदार यूनियन हरियाणा संबंधित हरियाणा संयुक्त कर्मचारी मंच जिला कमेटी रेवाड़ी के ऐजुसेट चौकीदार राष्ट्रव्यापी हड़ताल में शामिल हुए। जिला प्रधान देवेंद्र कुमार की अध्यक्षता में कर्मचारी राव तुलाराम पार्क में एकत्रित हुए। कर्मचारियों ने सरकार विरोधी नारेबाजी करते हुए अपनी मांगें रखी। उनकी मुख्य मांगें प्रतिदिन 18 घंटे की बजाए आठ घंटे ड्यूटी करने सहित अन्य मांगों को उठाया। इस अवसर पर कामरेड राजेंद्र सिंह, पीडब्ल्यूडी के जिला प्रधान हरि सिंह, गोपीचंद, अशोक, राजपाल, मांगेराम, दोलतराम, बीरेंद्र, सुमेर, राकेश, नवीन, रामनिवास, सुरजभान, जयपाल, धर्म सिंह, राजेंद्र, धर्मबीर, नरेश, विजयपाल, देवेंद्र, श्रीकिशन उपस्थित रहे।
सवारियां करती रही बसों का इंतजार
कर्मचारियों की हड़ताल के चलते दो घंटे से अधिक समय तक छोटे एवं ग्रामीण रूटों की सवारियां बस स्टैंड पर बसों का इंतजार करती रही। लेकिन अधिकांश सवारियों ने निजी वाहनों का सहारा लेकर गंतव्य तक पहुंचना उचित समझा। लेकिन दो घंटे रोष-प्रदर्शन के उपरांत एक के बाद एक बसों को बस स्टैंड से रवाना किया गया।
इन रूटों पर हुई अधिक परेशानी
रेवाड़ी डिपो ग्रामीण रूटों से पहुंचने वाली अधिकांश बसें देरी से चलने के कारण लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ा। रेवाड़ी से महेंद्रगढ़, कोसली, धारूहेड़ा, नारनौल, कोटकासिम, झज्जर, सोहना, कनीना, बावल सहित अनेक ग्रामीण छोटे रूटों पर समस्या हुई।
घंटे इंतजार के बाद भी नहीं पहुंची बस : प्रमोद कुमार
यात्री प्रमोद कुमार ने बताया कि वह शाहजांपुर जाने के लिए बस स्टैंड पर पहुंचा था। एक घंटे का इंतजार करने के बाद भी बस नहीं पहुंची जिससे उसे काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा।
डेढ़ घंटे से कर रहा है इंतजार : खड़क सिंह
राज्य परिवहन के इंतजार में खड़े खड़क सिंह ने बताया कि उसे जरूरी काम से शीघ्र कोटपुतली जाना था लेकिन लंबा इंतजार करने के बाद भी बस नहीं आई थी। कर्मचारी हड़ताल में नारेबाजी कर रहे हैं यात्रियों की समस्याओं की ओर कोई ध्यान नहीं हैं।
एक घंटे करना पड़ा इंतजार : योगेश
कोटकासिम जाने के लिए बस का इंतजार कर रहे योगेश ने बताया कि कर्मचारी हड़ताल में व्यस्त हैं। राज्य परिवहन के जिम्मेदारों को पूर्व में ही योजना बनानी चाहिए थी जिससे यात्रियों को परेशान नहीं होना पड़ता।
कोसली के लिए नहीं मिली बस : भीम सिंह
यात्री भीम सिंह ने बताया कि उसे काफी लंबे इंतजार के बाद भी कोसली के लिए बस नहीं मिली। कर्मचारियों से बार-बार पूछा गया तो उन्होंने सीधे मुंह तक बात भी नहीं की। आमजन का हड़ताल से कोई लेना देना नहीं उन्हें क्यों परेशान किया जा रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें