रेवाड़ी। महेंद्रगढ़ जिले के गांव स्याणा निवासी नवीन यादव रेवाड़ी शहर में बने ट्रॉमा सेंटर के क्वार्टर में रहते हैं। नवीन ने बताया कि एक अनजान नंबर से उनका नंबर व्हाट्सअप ग्रुप में जोड़ा गया। ग्रुप स्टॉक मार्केट और आईपीओ में निवेश को लेकर था। ग्रुप में स्टॉक मार्केट व आईपीओ में पैसे लगाने के बारे में कहा जाता था। कुछ समय बाद उनके पास एक लिंक भेजा गया। लिंक भेजने वाले की तरफ से कहा गया कि इसे जॉइन करें। इसके बाद मोबाइल एप डाउनलोड की। जिसमें अकाउंट नंबर जनरेट हो गए। इसमें कहा कि इनमें पैसे भेजें, स्क्रीनशॉट भेजने के बाद पैसे आ जाएंगे। शातिरों के जाल में फंसे नवीन ने पहले 1 लाख 45 हजार और इसके बाद 5 लाख जमा कर दिए। स्क्रीन शॉट भेजने के बाद नवीन द्वारा डाली गई राशि एप पर भी दिखाई दी। इसके बाद नवीन ने कुछ दिन पहले पैसे निकालने की कोशिश की। कहा गया कि 48 घंटे बाद ही ये राशि विड्रॉल हो सकती है। उसने 48 घंटों तक इंतजार किया, लेकिन पैसे नहीं आए। इसके बाद उसे शक हुआ कि उसके साथ फ्रॉड हुआ है। नवीन ने तुरंत इसकी शिकायत पुलिस को दी।