रेवाड़ी। केंद्रीय श्रमिक संगठन एआईयूटीयूसी से जुड़े कर्मचारियों और आशा कार्यकर्ताओं ने शुक्रवार को लंबित मांगों को लेकर शहर के नेहरू पार्क में सभा की और प्रदर्शन करते हुए ज्ञापन दिया।
सभा में एआईयूटीयूसी के जिला सचिव शेरसिंह मीरपुर ने कहा कि आशा कार्यकर्ताओं को आज तक जो कुछ भी मिला है वह यूनियन और आंदोलन की बदौलत ही मिला है। जब तक कोई आंदोलन नहीं होता तब तक सरकार आशा कार्यकर्ताओं की कोई सुध नहीं लेती।
यूनियन की राज्य प्रधान राजबाला यादव ने कहा कि हमसे बहुत से कार्य करवाए जाते हैं लेकिन हमें मात्र 6100 रुपये ही मासिक मानदेय मिलता है। कुछ काम के बदले में मद अनुसार प्रोत्साहन राशि मिलती है जो आज की महंगाई के दौर में बहुत ही कम है।
जिला कार्यकारी अध्यक्ष पिंकी शर्मा ने कहा कि आशा कार्यकर्ताओं के मानदेय में कोई वृद्धि नहीं की जा रही जो हमारे साथ अन्याय है। आशा कार्यकर्ताओं को न्यूनतम वेतन 28 हजार दिया जाए। जब तक पक्का नहीं किया जाता है तबतक श्रमिक का दर्जा देकर ग्रेजुएटी, पीएफ, साप्ताहिक छुट्टी आदि की सुविधाएं दी जाएं।
जिला सचिव संतोष ने मांग रखी कि एएनएम के 25% पद आशा कार्यकर्ताओं से भरे जाए। आशा कार्यकर्ताओं की रिटायरमेंट की उम्र 65 वर्ष की जाए। रिटायरमेंट पर आर्थिक सहायता 2 लाख से बढ़ाकर 5 लाख की जाए व मासिक पेंशन दी जाए।
प्रर्दशन में पूनम अनीता देवी, नीतू बाल, राजबाला, अंशु, लक्ष्मी देवी, नरेश देवी, लता देवी, मीना देवी, नवीन कुमारी, पूनम, सुनीता वर्मा ने भाग लिया।सभा व प्रदर्शन का नेतृत्व यूनियन की जिला प्रधान सुषमा यादव ने किया और संचालन जिला सचिव संतोष ने किया।