कोरोना का कहर जिले में लगातार बढ़ता जा रही है, रविवार को एक दिन में 26 केस के साथ आंकड़ा 419 पर पहुंच गया है। वहीं 143 लोग कोरोना को मात देकर घर आ चुके हैं। रविवार को मिले संक्रमितों में गांव राजगढ़ में पहले से संक्रमित एक युवक के परिवार के सात लोग शामिल हैं। इसमें एक दो साल बच्ची, दो महिलाएं भी हैं। वहीं गांव मंगलेश्वर में भी पहले से संक्रमित युवक की भाभी व भतीजी कोविड़-19 पॉजिटिव पाई गई हैं। हालात ऐसे हैं कि कोरोना जिला जेल तक भी पहुंच गया है, इसके अलावा शहर के गढ़ी बोलनी रोड स्थित बीएमजी टावर के साथ
मनचंदा सोसायटी में भी एक करीब 65 वर्षीय बुजुर्ग संक्रमित पाया गया है।
स्वास्थ्य विभाग द्वारा अभी तक 5812 सैंपल लिए गए हैं, जिनमें 419 कोविड-पॉजिटिव मिले हैं। इनमें 143 नागरिक कोविड संक्रमण से ठीक हुए हैं और अब तक पांच मरीजों की मौत हुई है। अब जिले में कोविड पॉजिटिव के 271 एक्टिव केस रह गए हैं तथा 5218 की रिपोर्ट निगेटिव आ चुकी है तथा 175 सैंपल की रिपोर्ट का इंतजार है। जिलाभर में 829 नागरिक क्वारंटीन किए गए हैं, जो देश व विदेश के अन्य हिस्सों से यात्रा करके आए हैं।
अस्पताल में 9 मरीज हैं भर्ती
जिला में कोविड पॉजिटिव के कुल 271 एक्टिव केस हैं, इनमें 9 विभिन्न अस्पतालों में व 36 जिला कोविड केयर सेंटर में एडमिट हैं, जबकि 226 कोविड मरीज होम आइसोलेट किए गए हैं। जिलाधीश यशेंद्र सिंह ने जिलावासियों का आह्वान किया कि वे कोरोना संक्रमण की चेन को तोड़ने के लिए सरकार व जिला प्रशासन द्वारा जारी की जाने वाली हिदायतों की पालना करना सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि जिलावासियों को चाहिए कि वे दो गज की दूरी अपनाए और मुंह को मास्क से ढंककर रखें तथा अति आवश्यक होने पर ही घरों से बाहर निकलें तभी हम कोरोना संक्रमण की ब्रेक करने व कोरोना को मात देने में कामयाब होंगे। रविवार को लिए गए 22 सैंपल लिए गए हैं।
कायस्थवाड़ा में अलवर निवासी कंपनी कर्मी संक्रमित
मेडिकल हेल्थ बुलेटिन के अनुसार रविवार को जिले से संबंधित 26 कॉविड पॉजिटिव केस आए हैं, जिनमें से सात राजगढ़, तीन महेश्वरी, दो-दो धारूहेड़ा व कायस्थवाड़ा, एक-एक बीएमजी टावर रेवाड़ी, मनचंदा रेवाड़ी, तेजपुरा, गुरावड़ा, संगवाड़ी, यादव नगर, बुडानी, जयसिंहपुरखेड़ा, पाल्हावास, शिव नगर, नई आबादी व जिला जेल से संबंधित हैं। स्वास्थ्य विभाग द्वारा कांटेक्ट ट्रेसिंग व आईएलआई के आधार पर 22 सैंपल लिए गए हैं।
लापरवाही का खामियाजा भुगत रहा परिवार
दुकान मालिक की संक्रमण से मौत.. कर्मचारी घूमता रहा
शहर में फ्रीज-ऐसी की दुकान का मालिक एक बुजुर्ग पहले से ही बीमारी से पीड़ित था, लेकिन कोरोना की चपेट में आने से उसकी मौत हो गई। इसके बाद दुकान पर कार्यरत सभी कर्मचारियों के सैंपल लिए गए, इसमें से गांव मंगलेश्वर निवासी मैकेनिक भी शामिल था। ग्रामीणों का कहना है कि सैंपल देने के बाद भी वह गांव में घूमता रहा, इसका परिणाम यह हुआ कि परिवार के दो लोग संक्रमित हो चुके हैं। जबकि स्वास्थ्य विभाग की ओर से सैंपलिंग का कार्य चल रहा है। ऐसे में जरूरी है कि कार्य स्थल पर मास्क व दो गज की दूरी का ध्यान रखने के साथ बार-बाद हाथों को धोते रहें, ताकि खुद व परिवार को इस महामारी से बचाया जा सके।
मासूमों को झेलनी पड़ रही परेशानी
गांव राजगढ़ में रविवार को सात लोग संक्रमित पाए गए हैं। इससे पहले परिवार का एक व्यक्ति संक्रमित पाया जा चुका है। यह व्यक्ति बावल स्थित एक कंपनी में कार्यरत है, वहीं से ही संक्रमण की चपेट में आया और अब पूरा परिवार परेशानी झेल रहा है। इसमें दो साल की बच्ची भी शामिल है। कोरोना के साथ आगे बढ़ने का मतलब ये कतई नहीं है कि हम लापरवाही करें, लेकिन जाने-अनजाने में लगातार संक्रमण चेन बढ़ना चिंता का विषय जरूर है।